मंडी। पराशर झील पर ट्रैकिंग पर गया दिल्ली के विद्यार्थियों का दल वापसी में रास्ता भूलकर जंगलों में भटक गया। दल में पांच लड़के और दो लड़कियां शामिल थीं। इसी बीच मोबाइल का सिग्नल भी गायब हो गया। लेकिन, गनीमत रही कि एक स्थान पर मोबाइल का सिग्नल आया और विद्यार्थी ने 100 नंबर पर इसकी सूचना दी। सूचना मिलते ही पुलिस अधीक्षक ने डीएसपी पधर अनिल धौल्टा और एसएचओ प्रीतम जरयाल की अगुवाई में पुलिस दल को जंगलों में रवाना कर दिया। शाम साढ़े सात बजे के बाद पुलिस ने मोबाइल लोकेशन के आधार पर छात्रों को ढूंढ निकाला। उधर, एसपी मंडी प्रेम ठाकुर ने इसकी पुष्टि की है। उन्होंने कहा कि सूचना के तुरंत बाद पुलिस ने रेस्क्यू शुरू कर दिया था। पांचों विद्यार्थी दिल्ली एनसीआर के स्टूडेंट हैं। सभी को सुरक्षित निकाल लिया गया है। बताया जा रहा है कि शार्ट कट के चक्कर में उन्होंने किसी के कहने पर रास्ता फालो किया और बाद में वह भटक गए।
यह जंगल खतरनाक जंगली जानवरों से भरा पड़ा है। तेंदुए और भालू यहां अकसर देख जाते हैं। मामले की नजाकत को देखते हुए पुलिस ने कालिंग नंबर को गूगल मैप के सहारे सर्च करना शुरू किया और लोकेशन को फालो किया। जिसके बाद पुलिस ने करीब पांच घंटे के बाद ट्रैकिंग पर गए दल को खोज निकाला।
एसपी मंडी ने लोगों और सैलानियों से अपील की है कि बारिश के मौसम में ट्रैकिंग और एडवेंचर टुअर पर न निकलें। इससे आपकी जिंदगी को खतरा हो सकता है। पुलिस को बारिश और खराब मौसम में रेस्क्यू करने में काफी परेशानियों का सामना करना पड़ता है। उन्होंने लोगों से जान जोखिम में डालकर बारिश के सीजन में ट्रैकिंग पर न जाने की अपील की है।