फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

डैहर में नालियों में पसरी गंदगी, फोटो सेशन को चले सफाई अभियान

विज्ञापन
विज्ञापन
डैहर में नहीं सुधरे हालात, डेंगू पीड़ितों का आंकड़ा 100 के पार
विज्ञापन

नालियों में पसरी है गंदगी, सिर्फ फोटो सेशन को चले सफाई अभियान
नड्डा ने गोद लिया था डैहर गांव, आपदा आने पर नहीं पहुंचे अपने गांव
अमर उजाला ब्यूरो
सुंदरनगर (मंडी)। उपतहसील डैहर में मौत का मच्छर 100 से अधिक लोगों को डंक मार चुका है। हर दिन 10 से 12 डेंगू के नए मरीज सामने आ रहे हैं, लेकिन डैहर सड़क किनारे नालियों में गंदगी पसरी हुई है। हालात इस कदर बिगड़ गए हैं कि एक ही परिवार के तीन से चार सदस्य तक मंडी से शिमला के चक्कर काट रहे हैं।
डैहर में डेंगू की बीमारी फैले करीब एक माह का समय होने को है, लेकिन इस दौरान छोटी सी पंचायत में स्वच्छता के मानक हाशिये पर हैं। ऐसे में सवाल खड़ा होता है बिना गंदगी को साफ किये क्षेत्र से डेंगू का प्रकोप कैसे खत्म होगा। एक माह से क्षेत्र में स्वच्छता अभियान भी चल रहा है, लेकिन यह महज फोटो सेशन और कागजों के खेल से ऊपर नहीं है। अलसू-डैहर मार्ग पर नालियों में गंदगी अटकी पड़ी है और यहां वहां कूड़ा फैला हुआ है, लेकिन जिला प्रशासन न तो नालियों की सफाई करवा रहा है और न ही यहां से कूड़ा हटवाने को लेकर कोई कारगर कदम उठा रहा है। स्वास्थ्य विभाग लोगों को स्वच्छता के प्रति प्रेरित कर रहा है और अब तो मच्छर मारने वाली क्रीम भी निशुल्क प्रदान कर रहा है, लेकिन जब तक डेंगू का मच्छर खत्म नहीं होगा, हालात किस तरह सुधरेंगे यह सवाल लगातार बना हुआ है।
विज्ञापन
विज्ञापन


डेंगू फैला तो गोद लिए गांव डैहर में नहीं पहुंचे नड्डा
केंद्रीय स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्री जगत प्रकाश नड्डा ने सांसद आदर्श गांव योजना के तहत 2014 में डैहर को गोद लिया है। इसके बाद इस क्षेत्र को आदर्श और विकास का मॉडल गांव बनाने के दावे किए गए, लेकिन उपतहसील मुख्यालय के इस कस्बे में केंद्रीय मंत्री ग्रामीणों का हाल पॅछने तक नहीं पहुंचे हैं। दो बार केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्री ने डैहर का दौरा कर यहां के विकास के लिए लाखों की राशि भी मंजूर की है, लेकिन अभी तक एक सार्वजनिक शौचालय तक यहां पर नहीं बन सका है। इससे लोग अधिकतर जगहों पर खुले में शौच करने को मजबूर हैं।
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें