लोगों को भाया मंडी की कचौड़ी, कुल्लू का सिड्डू
मंडी। जिस तरह मंडी की कचौड़ी कुल्लू में धूम मचाती है। उसी तरह कुल्लू के सिड्डू आजकल रेडक्रॉस मेले में लोगों की पसंद बने हुए हैं। रेडक्रॉस मेले को देखने के लिए भारी संख्या में ग्रामीण और शहरी क्षेत्रों के लोग पहुंच रहे हैं। सबसे अधिक भीड़ सिड्डू और कचौड़ी की दुकानों में देेखने को मिल रही है। सिड्डू को अखरोट और पोस्त से तैयार किया जाता है जो खाने में अत्यधिक स्वादिष्ट और पौष्टिक माने जाते हैं। इन्हें देसी घी के साथ परोसा जाता है। सर्दी के मौसम में सिड्डू सेहत के लिए लाभदायक होता है। इसके अलावा सौ से अधिक अन्य बाहरी राज्यों के स्वयं सहायता समूह और अन्य दुकानें लगाई गई हैं।
हाथों हाथ बिक रहा सिड्डू
भूंतर किरण सिड्डू कॉर्नर की किरण का कहना है कि वह काफी समय से भुंतर में सिड्डू, मोमो, चौमिन और अन्य खाद्य सामग्री को अपने हाथों से तैयार कर बेचती हैं। लेकिन मंडी रेडक्रॉस मेले में पहली बार दुकान लगाने पहुंची हैं। मंडी के लोगों को सबसे अधिक सिड्डू भा रहे हैं जो हाथोंहाथ बिक रहे हैं। उन्होंने बताया कि पांच लोगों को रोजगार दिया है जिससे उनकी आर्थिकी मजबूत हुई है।
12 सालों से स्वयं सहायता समूह की महिलाओं को जोड़कर कार्य कर रही है। कुल्लू दशहरा में हर वर्ष दुकान लगाती आई हैं। लेकिन मंडी रेडक्रॉस मेले में लोगों की कम संख्या होने के चलते काम कम हो रहा है। इससे कारीगरों का खर्च निकालना मुश्किल हो गया है।