करटाह में न्यूली खड्ड के बहाव में पुल बहने से पांच मिनट के सफर को लग रहे घंटों
तीन साल पहले बाढ़ में बहा था पुल, अभी तक निर्माण न होने दिक्कतें झेल रहे ग्रामीण
महेंद्र पालसरा
न्यूली/सैंज (कुल्लू)। करटाह में न्यूली खड्ड के बहाव ने सिर्फ एक पुल ही नहीं बहाया, बल्कि दो पंचायतों के हजारों ग्रामीणों की रोजमर्रा की सहूलियत को भी अपने साथ बहा ले गया। तीन साल बीतने के बाद भी पुल का पुनर्निर्माण न होना ग्रामीणों की मजबूरी को और गहरा कर रहा है।
सैंज घाटी के दुर्गम क्षेत्रों के लोगों की समस्याओं का हल नहीं निकल रहा है। ग्रामीणों को रोजाना दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है। पंचायत सुचैहण के करटाह में न्यूली खड्ड पर बना पैदल पुल तीन साल में दोबारा नहीं बन पाया है। साल 2023 की बरसात में पुल खड्ड का जलस्तर बढ़ने से बह गया था। अब तक पुल का निर्माण नहीं हो पाया है। इससे दो पंचायतों की आबादी को पांच मिनट का सफर तय करने में घंटों का समय लगा रहा है। ग्रामीणों को खड्ड पार करने में दिक्कतें पेश आ रही हैं। ग्रामीण पांच मिनट में पुल की मदद से खड्ड आर-पार कर अपने गंतव्य तक पहुंच जाते थे लेकिन अब डेढ़ से दो घंटे का समय लग रहा है। ग्रामीणों को दो किलोमीटर दूर स्थित वाया सिउंड होकर अपने गंतव्य की ओर जाना पड़ रहा है जिससे दोतरफा चार किलोमीटर का अतिरिक्त सफर करना पड़ रहा है। ग्रामीण सौरव, मोहन लाल, निमत राम ने कहा कि कई बार सरकार और प्रशासन के समक्ष समस्या को उठाया गया लेकिन स्थिति जस की तस है।
ग्राम पंचायत सुचैहण के करटाह में न्यूली खड्ड पर बना पुल तीन साल पहले बाढ़ से बह गया है। उस जगह दोबारा पुल लगाने के लिए प्रशासन को प्राक्कलन तैयार कर भेजा है लेकिन बजट का प्रावधान नहीं हो पाया है। - यशपाल ठाकुर, वार्ड सदस्य
करटाह में पुल बहने के बाद से ग्राम पंचायत सुचैहण और देहुरीधार के हजारों बाशिंदों को दिक्कतों का रोजाना सामना करना पड़ता है। खड्ड पार करने के लिए रोजाना करीब चार किलोमीटर का अतिरिक्त सफर करना पड़ता है। -ध्यान सिंह, ग्रामीण