कुल्लू। सरकारी स्कूलों में लर्निंग एन्हांसमेंट प्रोग्राम (एलईपी) के तहत परीक्षाएं आयोजित की जा रही हैं। इनका लक्ष्य विद्यार्थियों का शैक्षणिक स्तर मजबूत करना है। इस पहल का उद्देश्य सीखने की क्षमता और शैक्षणिक दक्षता का आकलन करना है। छठी से 12वीं कक्षा तक के विद्यार्थी इन परीक्षाओं में भाग ले रहे हैं।
परीक्षाओं के माध्यम से विद्यार्थियों की विभिन्न विषयों की समझ परखी जा रही है। उनकी विषयों पर पकड़ और सवालों को हल करने की क्षमता का भी मूल्यांकन हो रहा है। मूल्यांकन के लिए चार मुख्य विषयों को शामिल किया गया है। इनमें विज्ञान, गणित, हिंदी और अंग्रेजी विषय शामिल हैं। ये विषय विद्यार्थियों की बुनियादी समझ और ज्ञान के स्तर को जांचते हैं। एलईपी मूल्यांकन शैक्षणिक कमजोरियों को पहचानने में सहायक होगा। इससे शिक्षकों को उन विषयों और पाठों पर ध्यान देने में मदद मिलेगी, जिन पर अधिक जोर देना है। मूल्यांकन के आधार पर पढ़ाई को अधिक प्रभावी बनाने के प्रयास किए जाएंगे।
एलईपी कार्यक्रम के जिला समन्वयक शमशेर ठाकुर ने बताया कि जिले के सरकारी स्कूलों में ये परीक्षाएं आयोजित की जा रही हैं। इनमें करीब 300 स्कूलों के हजारों विद्यार्थी शामिल हो रहे हैं। यह मूल्यांकन छठी से 12वीं कक्षा तक के विद्यार्थियों की दक्षता जांचने के लिए है।