लोग बोले- बरसात में आई बाढ़ से पहुंचा था नुकसान, बचाने के प्रयास नहीं
कहा- सुरक्षित करने के प्रयास नहीं किए तो आने वाली बरसात में होगा नुकसान
संवाद न्यूज एजेंसी
न्यूली (कुल्लू)। दुर्गम शाक्टी मरौड़ गांव में राजकीय माध्यमिक विद्यालय और एक आंगनबाड़ी केंद्र खतरे की जद में है। इन्हें सुरक्षित करने के लिए प्रयास नहीं किए जा रहे हैं।
बरसात में बाढ़ आने से खड्ड का पानी स्कूल और आंगनबाड़ी केंद्र की तरफ मुड़ गया था। इससे दोनों भवनों को खतरा हो गया है। लोगों ने कहा कि जल्द इन्हें सुरक्षित करने के प्रयास नहीं किए तो आने वाली बरसात में ज्यादा नुकसान हो सकता है। ग्रामीणों के अनुसार भूमि कटाव के चलते इनका वजूद खतरे में है। इस बारे में शिक्षा विभाग और प्रशासनिक अधिकारियों से सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम करने की मांग की है लेकिन अभी तक उचित कदम नहीं उठाए गए हैं।
स्थानीय निवासी शेर सिंह, हीरा लाल, मोती राम, लग्न चंद, लुदर सिंह, नीरतू और लाल चंद ने कहा कि राजकीय माध्यमिक विद्यालय, प्राथमिक विद्यालय के साथ आंगनबाड़ी केंद्र भी खतरे की जद में हैं। बरसात में मलबा और चट्टानें खड्ड में अटक गईं और इसका रुख बदल गया। इससे स्कूल और आंगनबाड़ी केंद्र खतरे में आ गया।
उधर, वार्ड पंच निर्मला देवी ने कहा कि करीब 100 मीटर क्षेत्र में लोगों के खेत भी बह गए हैं। स्कूल, आंगनबाड़ी केंद्र को भी खतरा हो गया है। जलशक्ति विभाग और एचपीपीसीएल प्रबंधन से सुरक्षा दीवार लगाने की मांग की है। उन्होंने इस कार्य को प्राथमिकता के आधार पर करने की मांग की है।