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दलदल भरी सड़कों में फंसा लाखों का सेब

Fri, 19 Aug 2016 11:04 PM IST
ब्यूरो/अमर उजाला, कुल्लू
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कुल्लू घाटी में सेब सीजन जोरों पर है, लेकिन बीते दो सप्ताह से हो रही बारिश से सेब सीजन प्रभावित होने लगा है। मूसलाधार बारिश से कई सड़कों पर भू-स्खलन होने से डेढ़ से दो हफ्तों से आवाजाही बंद है। इस तरह से करीब एक दर्जन सड़कें भूस्खलन, मलबा आने तथा डंगों के धंसने से प्रभावित हो गई है जहां लाखों का सेब फंस गया है।
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बागवानों को इन सड़कों से मंडियों तक सेब पहुंचाना मुसीबत बन गया है।

ऐसे में बागवान सेब को लेबर द्वारा ही मुख्य सड़क तक पहुंचाने को विवश है। दलदल में तबदील सड़कों से बागवानों को दोहरा नुकसान झेलना पड़ रहा है। बागवान गाड़ी में एक पेटी सेब पर बतौर लेबर भाड़ा पांच रुपये खर्च होता था। अब उसे लेबर को 40 से 50 रुपये प्रति सेब पेटी किराया देना पड़ रहा है।  तीन दिन बाद मंडी में लगने वाली सेब गाड़ी एक सप्ताह बाद पहुंच रही है। इससे बागवानों को उनके उत्पाद का सही रेट भी नहीं मिल रहा है।

कुल्लू की एक दर्जन सड़कों को बहाल करने में प्रशासन व लोक निर्माण विभाग भी चुस्ती नहीं दिखा रहा है। प्रगतिशील बागवान सुरेंद्र ठाकुर, डोला राम, गगन कुमार, ध्यान सिंह, बेली राम, हेम दत्त, पन्ना लाल, हेम राज, राजू, तिलक राज, भुवनेश्वर कटोच, बेली राम ठाकुर, अनिल ठाकुर, पूर्व प्रधान करशैईगाड़ फौजी लाल शर्मा, पूर्ण चंद शर्मा, इंद्र सिंह, निका राम तथा ओम प्रकाश ने कहा कि बारिश से सड़कों का नक्शा ही बदल गया है।
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भूस्खलन से मलबा सड़कों पर आ गया है, लेकिन सेब सीजन को देखते लोक निर्माण विभाग कोई ठोस कार्रवाई नहीं कर रहा है। बागवानों से प्रशासन व लोनिवि से भूस्खलन से प्रभावित सड़कों को जल्द खोलने की मांग की है। उधर, उपायुक्त कुल्लू हंस राज चौहान ने कहा कि बरसात से बंद व प्रभावित सड़कों को प्राथमिकता के आधार पर जल्द बहाल करने के निर्देश दिए गए हैं। बावजूद इसके लोक निर्माण विभाग को दोबारा आदेश दिए जाएंगे।

जिला मुख्यालय को जोड़ने वाला हाइवे-305 पर बसों की आवाजाही करीब एक माह से  बंद हैं। वहीं बंजार की नगलाड़ी-शर्ची में एक हफ्ता, कुठेड़-करशाला मार्ग पर 20 दिनों तथा खनाग-रोहाचला पर भी एक माह से बसों की आवाजाही बंद है। जबकि मलाणा, राणाबाग-कांडीबाग, बंजार-गाड़ागुशैणी तथा कोठी आदि सड़कें दलदल में तबदील होने से सेब को निकालना जोखिम भरा हो गया है।
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