कुल्लू। ऑनलाइन दवा बिक्री नशे को बढ़ावा दे रही है। सरकार देश व प्रदेश में नशे के खिलाफ अभियान चला रही है। वहीं, ऑनलाइन दवा बिक्री के माध्यम से नशीली दवाइयां घर-घर तक पहुंच रही हैं, जो चिंता का विषय है। यह बात प्रदेश केमिस्ट एंड ड्रगिस्ट एसोसिएशन के प्रदेश महासचिव एवं जिला कुल्लू दवा विक्रेता संघ के अध्यक्ष ऋषभ कालिया ने कही।
उन्होंने कहा कि दवाओं की ऑनलाइन ब्रिकी के कारण मेडिकल स्टोर संचालकों को भारी नुकसान उठाना पड़ रहा है। इसी कारण उन्हें मेडिकल स्टोर बंद रखने के लिए मजबूर होना पड़ रहा है। उन्होंने स्पष्ट किया कि कारोबार से जुड़े लोगों को अपने प्रतिष्ठान बंद रखने का कोई शौक नहीं है, क्योंकि वे भी समाज का हिस्सा हैं और मरीजों की असुविधा का कारण नहीं बनना चाहते।
सरकार जैसे मेडिकल संचालकों के लिए सख्त कानून बना रही है। ऐसे ही कानून कंपनियों के लिए भी बनाए नियम बनाए, ताकि ऑनलाइन दवा बिक्री के माध्यम से नशीली दवाइयां घर-घर तक न पहुंचे। इस मामले को लेकर सरकार को गंभीरता से सोचने की जरूरत है।
उन्होंने केंद्र सरकार से मांग की है कि इस मुद्दे का जल्द समाधान किया जाए और ऑनलाइन दवाइयां बेचने वाली कंपनियों के लिए भी सख्त नियम बनाए जाएं। कहा कि वर्तमान में नियम केवल मेडिकल स्टोरों पर लागू किए जा रहे हैं, जबकि ऑनलाइन प्लेटफॉर्म के जरिये प्रतिबंधित दवाइयां भी लोगों के घरों तक पहुंच रही हैं।