अधिष्ठाता देवता राजा घेपन के गूर ने गुरवाणी के माध्यम से दी अनुमति
अठारह नाग देवता के मंदिर की हुई प्रतिष्ठा, 30 लाख रुपये किए खर्च
दिनेश जस्पा
उदयपुर (लाहौल-स्पीति)। अठारह नाग देवता के मंदिर की प्रतिष्ठा पर महिला श्रद्धालुओं के लिए खुशखबरी है। महिला श्रद्धालु अठारह नाग देवता मंदिर दर्शन के साथ पूजा-पाठ कर सकेंगी।
प्रतिष्ठा के मौके पर घाटी के अधिष्ठाता देवता राजा घेपन के गूर ने देव वाणी की है कि अब महिलाएं भी इस मंदिर के भीतर दर्शन के लिए प्रवेश कर सकेंगी। इससे महिला श्रद्धालुओं में खुशी का माहौल है। पहले धार्मिक वर्जना के चलते मंदिर के भीतर महिलाओं का प्रवेश निषेध था।
वीरवार को तांदी पंचायत के मरबल गांव में अठारह नाग देवता के मंदिर की प्रतिष्ठा की गई। मंदिर का पुनर्निर्माण करीब 30 लाख रुपये से किया गया है। मंदिर के प्रतिष्ठा कार्यक्रम में दूर-दूर से श्रद्धालु अठारह नाग देवता के दर्शन और आशीर्वाद लेने पहुंचे। विशेष तौर पर स्थानीय विधायक अनुराधा राणा भी शामिल हुईं।
धार्मिक आयोजन के दौरान 2000 से अधिक लोगों ने मंदिर में माथा टेका। इस बीच राजा घेपन के गूर सोनम टशी, देवी हिडिंबा के गूर रणवीर सिंह, शिव लाल भाट, हिमाचल सरकार से सेवानिवृत्त चीफ सेक्रेटरी एएन विद्यार्थी, प्रिंसिपल सेक्रेटरी हरियाणा सहित अनेकों देवी-देवता के कारदार शामिल रहे।
पुजारी सुदर्शन ठाकुर ने बताया कि देवता को तभी बाहर निकाला जाता है, जब घाटी के अराध्य देवता राजा घेपन और देवी भोटी लाहौल की परिक्रमा पर निकलते हैं। इस दौरान अठारह नाग मंदिर के कारदार नाग देवता को साथ लेकर तांदी स्थित संगम के समीप राजा घेपन और देवी भोटी के स्वागत को खड़े होने के साथ वहां पहुंचते हैं। इसके बाद राजा घेपन और देवी भोटी की रथयात्रा में अठारह नाग के भी शामिल होने की परंपरा है। लाहौल-स्पीति विधानसभा क्षेत्र की विधायक अनुराधा राणा ने अठारह नाग देवता के कारदारों सहित क्षेत्र के ग्रामीणों और श्रद्धालुओं को मंदिर के प्रतिष्ठा की शुभकामनाएं दी हैं।