सैंज (कुल्लू)। पार्वती जल विद्युत परियोजना चरण-दो के टनल रिसाव से हुए नुकसान की भरपाई के लिए एनएचपीसी प्रबंधन राजी हो गया है। वीरवार रात 12 बजे खत्म हुई बैठक में प्रभावितों के 16 सूत्री मांगपत्र पर भी दोनों पक्षों के बीच करीब 95 फीसदी सहमति बन गई है।
एपीएमसी अध्यक्ष राम सिंह मियां ने बताया कि एनएचपीसी और प्रभावितों के बीच समझौते के तहत कंपनी 12 सदस्यीय जांच एवं आकलन कमेटी की रिपोर्ट के आधार पर प्रभावितों को मुआवजा देगी।
टनल रिसाव की घटना से रैला और रैला-दो पंचायत के लोग प्रभावित हुए हैं। पालचरा गांव के लोगों को घर और जमीन का नुकसान उठाना पड़ा है। कंपनी ने क्षतिग्रस्त मकानों के साथ होमस्टे, किसानों, बागवानों, दुकानदारों और टैक्सी संचालकों को हुए नुकसान की भरपाई पर भी सहमति जताई है।
डंपिंग साइट की करीब 2.5 बीघा भूमि के अधिग्रहण का मामला एनएचपीसी मुख्यालय के समक्ष उठाने पर भी सहमति बनी है। इन तमाम बिंदुओं को लेकर दोनों पक्षों के बीच समझौते पर हस्ताक्षर किए गए हैं।
दोनों पक्ष प्राथमिकी वापस लेने पर राजी
वीरवार देर रात तक हुई बैठक में प्रभावितों और कंपनी की ओर से एक-दूसरे के खिलाफ पुलिस थानों में दर्ज करवाई गई प्राथमिकी भी दोनों पक्ष वापस लेंगे। इस पर भी सहमति बन गई है।