केलांग/उदयपुर (लाहौल-स्पीति)। लाहौल घाटी के तिन्नो और जोबरंग गांव में जाइका के सहयोग से 1.83 करोड़ रुपये की लागत से बनीं दो बहाव सिंचाई योजनाएं शनिवार को किसानों को समर्पित की गईं। विधायक अनुराधा राणा और परियोजना निदेशक डॉ. सुनील चौहान की उपस्थिति में योजनाएं संबंधित कृषक विकास संघों को सौंपी गईं। इनसे 306 किसान परिवारों को लाभ मिलेगा।
हिमाचल प्रदेश फसल विविधीकरण प्रोत्साहन परियोजना (चरण-दो), जाइका-ओडीए के तहत निर्मित योजनाओं के हस्तांतरण प्रमाणपत्र विधायक ने कृषक विकास संघों को सौंपे। कूहल के रखरखाव के लिए संघों को टूलकिट भी वितरित की गईं। तिन्नो की यारती सिंचाई योजना पर 59.23 लाख रुपये खर्च हुए हैं। इससे 25.71 हेक्टेयर कृषि भूमि को सिंचाई सुविधा मिलेगी। वहीं, जोबरंग योजना पर 1.24 करोड़ रुपये खर्च किए गए हैं। इससे 55.66 हेक्टेयर भूमि की सिंचाई होगी। विधायक अनुराधा राणा ने ग्रामीणों से संवाद कर क्षेत्र की समस्याएं और विकास संबंधी जरूरतें जानीं। इस दौरान समस्याओं का मौके पर निपटारा किया गया।
उन्होंने कृषक विकास संघों से योजनाओं का उचित रखरखाव करने और पानी का विवेकपूर्ण उपयोग सुनिश्चित करने का आग्रह किया। सिंचाई सुविधाओं के विस्तार से किसानों को खेती बेहतर ढंग से करने और फसल विविधीकरण अपनाने में मदद मिलेगी। जाइका परियोजना के तहत किसानों को तकनीकी मार्गदर्शन, प्रशिक्षण और उच्च मूल्य वाली फसलों की खेती के लिए भी प्रोत्साहित किया जा रहा है। इस अवसर पर जिला परिषद सदस्य शशि किरण, राम सिंह और सोनम ठाकुर, बीडीसी अध्यक्ष दिनेश कुमार, जिला परियोजना प्रबंधक डॉ. हेम राज वर्मा व खंड परियोजना प्रबंधक डॉ. जयंत रत्ना उपस्थित रहे। संवाद