कुल्लू। कोरोना की दूसरी लहर के बीच ग्रामीण क्षेत्रों में विकास कार्यों को गति नहीं मिल पाई है। इसका मुख्य कारण पंचायत में ग्राम सभाएं न होना रहा है। ग्राम सभाएं नहीं होने से पंचायत प्रतिनिधि विकासात्मक कार्य करवाने में असमर्थ रहे।
अब पंचायती राज विभाग ने कोरोना में जारी एसओपी के तहत ग्राम सभा आयोजित करने के निर्देश जारी कर दिए हैं। 12 जुलाई को पंचायती राज विभाग के निदेशक की ओर से ग्राम सभाएं करने की स्वीकृति प्रदान की गई है। इसके चलते अब ग्रामीण क्षेत्रों में विकासात्मक कार्यों को गति मिलने की उम्मीद है। गौरतलब है कि संक्रमण को फैलने से रोकने के लिए कोरोना कर्फ्यू लगाया था। इसकी वजह से पंचायती राज विभाग से जुड़े कार्यों में बाधा उत्पन्न हुई है। सरकार ने जनता से जुड़े सभी मुद्दों को प्राथमिकता के आधार पर हल करने के निर्देश जारी किए हैं। लेकिन ग्राम सभाएं न होने से कार्य निपटाने में समस्या उत्पन्न होती रही है। ऐसे में विकास खंड अधिकारियों ने पंचायती राज विभाग से ग्राम सभाएं करवाने की अनुमति मांगी थी। इस पर सोमवार को पंचायती राज विभाग ने ग्राम सभाएं करने की स्वीकृति दे दी है। उाधर, इस संबंध में जिला पंचायत अधिकारी लाल चंद ने कहा कि पंचायती राज विभाग की ओर से सभी विकास खंड अधिकारियों और पंचायत प्रतिनिधियों को ग्राम सभाएं करने के निर्देश प्राप्त हुए हैं। जन प्रतिनिधि पंचायत कार्यालय में कोरोना नियमों का पालन करते हुए ग्राम सभाएं कर सकते हैं।