उदयपुर (लाहौल-स्पीति)। ड्यूटी से नदारद रहने पर डीसी लाहौल-स्पीति देवा सिंह नेगी ने बीडीओ केलांग गौरव धीमान निवासी ऊना को सस्पेंड किया है। उक्त अधिकारी 15 दिनों से अपने कार्यालय नहीं पहुंच रहा था। जिसकी सूचना मिलने पर डीसी ने त्वरित कार्रवाई अमल पर लाते हुए सस्पेंड करने के आदेश जारी किए। जानकारी के अनुसार बीडीओ केलांग पिछले कुछ समय से कार्यालय नहीं आ रहे थे। वह घर गए थे और वापस ड्यूटी पर नहीं लौटे। अधिकारी के कार्यालय न पहुंचने की भनक डीसी देवा सिंह नेगी को लगने पर उन्होंने रिपोर्ट तलब की। जिसमें पाया कि बीडीओ केलांग 15 दिनों से कार्यालय नहीं पहुंचे हैं। ड्यूटी के दौरान कोताही बरतने के इस मामले में डीसी लाहौल-स्पीति ने कड़ा रूख अपनाया और तुरंत सस्पेंशन आर्डर जारी किए। वहीं बीडीओ केलांग का चार्ज डीआरडीए के परियोजना अधिकारी डॉ हीरा नंद के हवाले किया गया है।
उल्लेखनीय है कि हाल ही में लाहौल-स्पीति जिला में करीब 26 अधिकारी व कर्मचारी ड्यूटी के दौरान कोताही बरतने पर सस्पेंड हो चुके हैं। इनमें शिक्षा उपनिदेशक व एक प्रधानाचार्य को सीएम वीरभद्र सिंह के आदेश पर सस्पेंड किया गया है। वहीं, 18 पुलिस कर्मचारी, चार होमगार्ड जवान समेत दो एचआरटीसी परिचालक ड्यूटी के दौरान लापरवाही बरतने पर सस्पेंड किए गए हैं।
इधर, बीडीओ केलांग गौरव धीमान का कहना है कि वह छुट्टी लेकर घर गए थे। जहां वह बीमार हो गए और ऑफिस नहीं पहुंच पाए। इस संबंध में उन्होंने 5 अगस्त को केलांग अस्पताल में अपने स्वास्थ्य की जांच करवाई थी जिसमेें डॉक्टर ने उन्हें आराम करने की सलाह दी थी। नौ अगस्त तक ऑफिस में काम करने के बाद वे कुल्लू आए और वहां स्वास्थ्य जांच करवाई। वहां भी उन्हें आराम करने को कहा गया। इस बारे में उन्होंने अपने उच्च अधिकारियों को अवगत करवा दिया था। इधर, डीसी लाहौल-स्पीति देवा सिंह नेगी ने बताया कि कोताही पर बरतने पर बीडीओ केलांग गौरव धीमान को सस्पेंड किया गया है। काम में किसी भी तरह की लापरवाही को सहन नहीं किया जाएगा।