कुल्लू। जिला में कोरोना के मामलों ने रफ्तार पकड़ ली है। पिछले एक सप्ताह में जिला में कोरोना के मामले कई गुना बढ़े हैं। एक सप्ताह में ही 100 से भी अधिक मामले सामने आ आए हैं। अब कुल मामले बढ़कर 227 हो गए हैं। एक्टिव केस जिला में 168 हैं।
हर दिन बढ़ रहे मामलों को लेकर घाटीवासी चिंतित हो गए हैं। कोरोना का असर जिला के ग्रामीण क्षेत्रों में भी देखने को मिल रहा है। करीब आधा दर्जन गांवों में कोरोना पॉजिटिव पाए गए हैं। जो लोगों के लिए खतरे की घंटी से कम नहीं है। ग्राम पंचायत बल्ह, भल्याणी पंचायत, सेउबाग और बंजार की ग्राम पंचायत पलाहच के गांव जगाला में महिला के कोरोना संक्रमित आने के बाद हड़कंप मच गया था। कोरोना संक्रमण का पता लगाने संपर्क में आए लोगों के सैंपल लिए जा रहे हैं। जिला प्रशासन ने सोमवार को भल्याणी और बल्ह पंचायत के कुछ क्षेत्रों को बफर व कटेंनमेंट जोन बना दिया है। ऐसे में यहां के बाशिंदों को अब पांबदियां झेलनी पड़ेंगी। सेब सीजन के लिए बाहरी राज्यों से बड़ी संख्या में मजदूर आए हुए हैं। अधिकतर कोरोना संक्रमित मरीजों में प्रवासी है। मजदूरों की रिपोर्ट हर दिन पॉजिटिव आ रही है। ऐसे में सेब सीजन को आए बाहरी राज्यों के इन मजदूरों ने प्रशासन की चिंता भी बढ़ा दी है। अगर इसी रफ्तार से कोरोना के मामले बढ़ते हैं तो आने वाले दिनों में कोरोना के लिए बनाए कोविड सेंटर भी कम पड़ सकते हैं। उपायुक्त डॉ. ऋचा वर्मा का कहना है कि कोरोना को लेकर जारी आदेशों की उल्लंघन करने वालों के खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई अमल में लाई जाएगी।
दो दिन बाद खुला अस्पताल का गायनी वार्ड
क्षेत्रीय अस्पताल कुल्लू के गायनी वार्ड में एक गर्भवती महिला की रिपोर्ट पॉजिटिव आने के बाद सील किए गए वार्ड को अब खोल दिया गया है। वार्ड को अस्पताल प्रबंधन ने 48 घंटों के लिए बंद किया था। यहां से 22 गर्भवती महिलाओं को एंबुलेंस में तेगुबेहड़ अस्पताल में शिफ्ट किया गया था। गायनी वार्ड अस्पताल में खुलने से यहां पर दाखिल गर्भवती महिलाओं ने राहत की सांस ली है।