कुल्लू। सामुदायिक स्वास्थ्य अधिकारी (सीएचओ) और आशा कार्यकर्ताओं ने दिव्यांगता पहचान की तकनीक जानी। सांफिया फाउंडेशन एवं राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन के अंतर्गत जिला प्रारंभिक हस्तक्षेप केंद्र के संयुक्त तत्वावधान में एक दिवसीय क्षमता-विकास कार्यशाला आयोजित की गई।
वीरवार को आयोजित कार्यशाला में बच्चों में विकासात्मक विलंब एवं दिव्यांगता की प्रारंभिक पहचान, समयबद्ध रेफरल और प्रारंभिक हस्तक्षेप सेवाओं पर प्रशिक्षण दिया गया। सांफिया फाउंडेशन की निदेशक डॉ. श्रुति भारद्वाज ने कहा कि संस्था समुदाय स्तर पर बच्चों के विकासात्मक माइलस्टोन की नियमित निगरानी को सशक्त बनाने के लिए कार्य कर रही है। इस दौरान डॉ. मोहित, स्वास्थ्य शिक्षिका ममता, पावनी वात्स्यायन, अमृतांश पराशर, सनी उपस्थित रहे। संवाद