पतलीकूहल/(कुल्लू)। जिला मुख्यालय कुल्लू और पर्यटन नगरी मनाली के बीच स्थित पतलीकूहल में जल्द बस अड्डा बनेगा। बस अड्डा न होने से लोगों और पर्यटकों को कई तरह की परेशानियों का सामन करना पड़ता है। इस सिलसिले में एचआरटीसी समेत विभिन्न विभागों के अधिकारियों ने मौके पर पहुंच कर जगह का निरीक्षण किया है।
बस अड्डे के लिए सारी कानूनी औपचारिकताएं लगभग पूरी हो चुकी हैं। लेकिन वन एवं पर्यावरण विभाग की मंजूरी लाजिमी होने के चलते विभाग को फाइल तैयार कर भेज दी गई है। प्रस्तावित बस अड्डे के स्थान, इसकी ऊंचाई और लेवल का निर्धारण किया है। ऐसे में जल्द ही पतलीकूहल में बस अड्डा बनकर तैयार होगा। बता दें कि बस अड्डा न होने से बसें सड़क पर ही खड़ी होती हैं। यात्री भी बीच सड़क पर ही बसों से चढ़ने और उतरने को मजबूर हैं। बसों की सवारियों को सड़क पर चढ़ाने-उतारने से यहां अक्सर जाम लग जाता है। पतलीकूहल बाजार होने के कारण सड़क पर वाहनों व लोगों की आवाजाही भी अधिक रहती है। गौर रहे के तीन साल पहले राज्य के पूर्व परिवहन मंत्री जीएस बाली ने पतलीकूहल चौक पर स्थित चार बीघा भूमि का निरीक्षण करने के बाद 50 लाख रुपये जारी कर चंद महीनों में ही पतलीकूहल में बस अड्डा बनाने की घोषणा की थी। लेकिन यह घोषणा धरातल पर साकार रूप नहीं ले पाई। स्थानीय निवासी नीतिन, विनय, रमेश, पवनेश, जितेंद्र नमन, संजय, निंदु राम, सुभाष और वीना ने कहा कि बस अड्डा न होने से यहां के व्यापार पर भी विपरीत प्रभाव पड़ रहा है। पतलीकूल व्यापार मंडल के अध्यक्ष अर्जुन देव गौतम ने कहा कि अगर पतलीकूहल में बस अड्डा बनता है तो सवारियों को बस में चढ़ने-उतरने में सुविधा होगी। एचआरटीसी के आरएम डीके नारंग ने कहा कि बस अड्डे के लिए वन विभाग के अधीन करीब चार बीघा भूमि को ही चुना है। इसके लिए वन विभाग की स्वीकृति मिलना आवश्यक है।