सैलानियों को टैक्सियों में लेह और लद्दाख के बीच देना पड़ रहा भारी-भरकम किराया
बस में 1026 किमी लंबे दिल्ली-लेह रूट पर प्रति सीट 2,000 रुपये है एकतरफा किराया
जानकारी के अनुसार परिवहन निगम के केलांग डिपो ने लेह-दिल्ली रूट पर ब
दिनेश जस्पा
उदयपुर (लाहौल-स्पीति)। सामरिक महत्व की मनाली-लेह सड़क से देश के सरहद तक भारतीय सेना की कानवाई दनादन दौड़ने लगी है। बारालाचा, नकिल्लला, तंगलांगला और लाचुंग दर्रा के बीच से होकर लेह और लद्दाख देखने के शौकीन देश-विदेश के पर्यटकों को भी निगम निगम की बस सेवा शुरू होने का बेसब्री से इंतजार है।
सैलानियों को वर्तमान में टैक्सियों में लेह और लद्दाख के बीच आवाजाही करने के लिए भारी-भरकम किराया देना पड़ रहा है। बस में 1026 किलोमीटर लंबे दिल्ली-लेह रूट पर प्रति सीट एकतरफा किराया 2,000 रुपये है। इस बार बस किराये में बढ़ोतरी हुई है। पहले दिल्ली से लेह का एकतरफा किराया 1740 रुपये था।
जानकारी के अनुसार परिवहन निगम के केलांग डिपो ने लेह-दिल्ली रूट पर बस सेवा शुरू करने की तैयारी पूरी कर ली है। इस रूट पर बस संचालन को लेकर निगम ने शिमला मुख्यालय को पत्राचार किया है, लेकिन अभी तक जवाब नहीं मिलने से केलांग डिपो दिल्ली-लेह के बीच बस सेवा शुरू नहीं हुई है। लेह-दिल्ली के बीच बस सेवा शुरू करने को लेकर देश-विदेश के यात्रियों को भी इंतजार है।
मनाली-लेह रूट से पिछले साल कमाए थे 1.25 करोड़
सीमा सड़क संगठन ने दारचा-सरचू-लेह सड़क 12 मई को यातायात के लिए बहाल की है। यह रूट एचआरटीसी के केलांग डिपो की आर्थिकी को काफी मजबूत करता है। 2024 में केलांग डिपो ने इस रूट से महज 95 दिन में 1.25 करोड़ रुपये की रिकॉर्ड कमाई की थी। एचआरटीसी केलांग डिपो के कार्यकारी आरएम ईशान ठाकुर ने बताया कि लेह-दिल्ली के बीच बस संचालन को लेकर शिमला पत्राचार किया है। मंजूरी मिलने के बाद बस सेवा को शुरू किया जाएगा।