पंजाब के लिए .......सचित्र
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कैप्टन अमरिंदर सिंह के काफिले के
कारण पांच घंटे जाम रहा मनाली
पंजाब के सीएम की सुरक्षा के लिए रोकी एनएच पर ट्रैफिक
वीआईपी को रास्ता देने को सैलानी रहे वाहनों में कैद
मजबूरी में छह किलोमीटर पैदल चल मनाली पहुंचे सैलानी
अमर उजाला ब्यूरो
मनाली (कुल्लू)। विश्व-विख्यात पर्यटन नगरी मनाली घूमने आए पंजाब के मुख्यमंत्री कैप्टन अमरिंदर सिंह को वीआईपी ट्रीटमेंट देने के चक्कर में पांच घंटे के लिए मनाली वाहनों में कैद हो कर रह गई। पंजाब सीएम के काफिले को ग्रीन कॉरिडोर वाहन को खुला रास्ता देने के लिए जो वाहन जहां था उसे उसी स्थिति में रोके रखा गया।
अठारह मील से लेकर मनाली तक कई किलोमीटर तक वाहनों की लंबी लाइनें लग गईं। लोकतांत्रिक व्यवस्था के बावजूद अमरिंदर सिंह का लाव-लश्कर किसी राजा की तरह निकला। रास्ता खाली होेने के बावजूद कई स्थानों पर तो सीएम के काफिले का सायरन फायर ब्रिगेड से भी ज्यादा आवाज में बजता रहा। ओपन जीप में चल रहे सीएम के कमांडों वाहनों से बार झांक रहे सैलानियों को आशंका भरी नजरों से देख आतंकित भी करते देखे गए। स्थानीय निवासी सुरेश शर्मा, रमाकांत, रमेश, कमलेश, राजेंद्र सिंह, कुर्मदत्त और श्यामलाल ने बताया कि फोरलेन के निर्माण के चलते पहले से ही सड़कें उखड़ी, उबड़-खाबड़ तथा असमतल हैं। कई स्थानों पर नालियों-पुलियों के निर्माण के चलते सड़कें तंग हैं। मेहमानवाजी अच्छी बात है लेकिन जब प्रदेश के सीएम जयराम के लिए मनाली में यातायात सुचारू रखा गया तो पड़ोसी राज्य के सीएम के लिए ट्रैफिक को रोके जाना गलत है। वहीं, एसपी शालिनी अग्निहोत्री ने बताया कि फोरलेन के चलते जाम की स्थिति उत्पन्न हुई।