बजौरा से मनाली तक जाम, सैलानी व आमजन परेशान
रास्ते में कई घंटों जाम के बाद मनाली पहुंच रहे हैं सैलानी
भुंतर, ढालपुर, पतलीकूहल और मनाली में अधिक समस्या
अमर उजाला ब्यूरो
कुल्लू/पतलीकूहल। चंडीगढ़-मनाली नेशनल हाईवे पर जाम लगना रोजमर्रा की बात हो गई है। पर्यटन सीजन से पहले ही पर्यटकों और आम लोगों को गंतव्य पहुंचने में घंटों का समय लग रहा है। बजौरा से लेकर मनाली तक पर्यटकों को जगह-जगह जाम से परेशानी का सामना करना पड़ रहा है।
भुंतर में ब्यास नदी में लगे वन-वे बेली ब्रिज, जिला मुख्यालय ढालपुर, अखाड़ा बाजार, रायसन, पतलीकूहल, 15 मील तथा पर्यटन नगरी मनाली में सबसे अधिक समस्या झेलनी पड़ रहा है। बजौरा से लेकर मनाली तक दो घंटे का सफर है लेकिन इन दिनों वाहनों को मनाली पहुंचने में पांच घंटे का समय लग रहा है। सबसे अधिक दिक्कत फोरलेन निर्माण से आ रही है। सुबह से लेकर देर शाम तक सड़क के दोनों ओर वाहनों की लंबी कतारें लग रही हैं। पर्यटकों के साथ स्कूल, कालेज जाने वाले छात्र तथा काम के सिलसिले में कुल्लू-मनाली की ओर जा रहे स्थानीय लोग समय पर नहीं पहुंच रहे हैं।
सैलानी मंजुनाथ, नेहा, रोमेश, नीशा, लक्की, नीलम, अमरिंद्र सिंह, हरजिंद्र कौर और कमलेश ने बताया कि चंडीगढ़ से लेकर भुंतर तक उनका सफर आरामदायक रहा लेकिन यहां से आगे उन्हें हर 100 मीटर की दूसरी पर जाम से रूझना पड़ा। वहीं स्थानीय सुरेश कुुमार, विरेंद्र, किरन कुुमार, विपिन, सुरेंद्र, सत्येंद्र, हरिचंद, पेने राम, चमन और अनिल के अनुसार जाम के चलते उन्हें कई तरह की परेशानियों का सामना करना पड़ा। वहीं एएसपी कुल्लू एनएस नेगी का कहना है कि यातायात व्यवस्था सुचारू बनाए रखने के लिए पुलिस को आदेश दिए गए हैं। टूरिस्ट सीजन के लिए प्लान तैयार किया गया है।
पर्यटन सीजन में बढ़ता है गाड़ियों का दबाव
पर्यटन सीजन के दौरान कुल्लू-मनाली की सड़कों पर गाड़ियों का दबाव एकाएक बढ़ जाता है। रोजाना हजारों गाड़ियां कुल्लू जिला में प्रवेश करती हैं। तंग सड़कों के बीच कई बार जाम लग जाता है। वहीं, इन दिनों वाम तट व दाएं तट की सड़क की हालत भी बेहद खराब है।
एडवोकेट महेंद्र सिंह ठाकुर ने कहा कि कुल्लू-मनाली के मुख्य मार्ग पर पर्यटकों के साथ आम लोगों को परेशान होना पड़ रहा है। लोगों को 12 से 15 किलोमीटर के सफर को तय करने में डेढ़ घंटे को समय लग रहा है। फोरलेन निर्माण से समस्या और भी विकराल हो गई है।
खेम राज का कहना है कि अभी पर्यटन सीजन शुरू भी नहीं हुआ है लेकिन लंबे जाम से वाहन सड़कों में रेंगती हुई नजर आ रही है। सड़क के किनारे बेतरतीब ढंग से वाहनों के पार्क करने से भी जाम की स्थिति पैदा हो रही है।
गुलाब ठाकुर ने कहा कि जाम वाले स्थानों पर ट्रैफिक पुलिस की तैनाती की जानी चाहिए। पर्यटन सीजन के लिए उन्होंने कहा कि जाम की समस्या पूरे जिला में है। इससे न केवल पर्यटक परेशान हैं बल्कि आम लोगों के साथ विद्यार्थियों को भी दिक्कतें झेलनी पड़ रही हं।
बुध राम ने कहा कि जिला मुख्यालय में जाम से लगने की मुख्य वजह सड़कों के दोनों तरफ वाहनों को पार्क करना। बेशक पुलिस ऐसे वाहनों का चालान भी करती है बावजूद जाम के हालत नहीं सुधर रहे हैं। गांधीनगर से लेकर रामशीला तक पर्यटकों के साथ आम लोगों भी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है।
महेंद्र कायथ ने कहा कि जाम से निपटने के लिए एक मास्टर प्लान की जरूरत है। सड़कों में वाहनों की संख्या बढ़ती जा रही है, लेकिन पार्किंग के उचित प्रबंध नहीं होने से लोग सड़क किनारे वाहनों को खड़ा कर देते हैं। पुलिस की कार्रवाई करने पर स्थिति जस की तस हो जाती है।
राजेंद्र सिंह का कहना है कि भुंतर से लेकर मनाली तक भारी जाम लग रहा है। फोरलेन निर्माण से एक जगह पर घंटों तक जाम लग रहा है। जिया से लेकर रामशीला और रामशीला से लेकर मनाली तक दोनों तरफ से लंबा जाम लग रहा है। इसके लिए पुलिस को व्यापक प्लान बनाने की आवश्यकता है।
फोरलेन निर्माण के चलते सड़क चौड़ाई का काम चल रहा है। जल्द ही सड़क का काम पूरा होने के बाद यातायात सुचारू हो जाएगा। जाम से निपटने को निजी वाहनों को दायं तट से और पर्यटन वाहनों को वाम तट से भेजने का प्लान तैयार किया है। जिससे जल्द लागू किया जाएगा। -युनूस, उपायुक्त कुल्लू