कुल्लू दशहरा उत्सव के लिए पहुंचे देवता शिवराड़ी नारायण। -संवाद
- फोटो : Kullu
कुल्लू। दशहरा उत्सव के लिए जिलेभर से करीब 200 देवी-देवता ढोल-नगाड़ों की थाप पर रवाना हो गए हैं। माता हिडिंबा और बिजली महादेव मंगलवार को अपने-अपने देवालय से निकलेंगे।
ढालपुर में सभी देवताओं के अस्थायी शिविर बनकर तैयार हैं। बाह्य सराज आनी से देवता कोट भझारी सोमवार शाम को अस्थायी शिविर पहुुंच गए हैं। वहीं सैंज घाटी के साथ बंजार, मनाली, मणिकर्ण के देवता पहले पड़ाव में पहुंच चुके हैं। निरमंड और आनी के 10 से अधिक देवताओं को दूसरा पड़ाव हो चुका है। वे बंजार, औट और पनारसा में पहुंच गए हैं। तीन साल बाद धूमधाम से मनाए जा रहे कुल्लू दशहरा को लेकर देव समाज के साथ दशहरा में आए व्यापारियों में उत्साह का माहौल है।
ह्य
देवता कोट भझारी के कारदार भागे राम राणा ने कहा कि देवता कोट भझारी रविवार को अपने देवालय कोट रवाना हुए थे। रात-दिन 100 किलोमीटर का पैदल सफर कर देवता ढालपुर में अपने अस्थायी शिविर पहुंच गए हैं। जिला देवी देवता कारदार संघ के जिला अध्यक्ष दोत राम ठाकुर ने दशहरा के लिए देवी-देवताओं की रथ यात्राएं जिला भर से आरंभ हो गई है। उन्होंने कहा कि मंगलवार सुबह से लेकर शाम तक ढालपुर में करीब 250 देवता पहुंच जाएंगे। उन्होंने कहा कि इस बार दशहरा में 332 देवी-देवताओं में से करीब 300 के आने की संभावना है।