कुल्लू। धार्मिक नगरी मणिकर्ण-बरशैणी को जोड़ने वाली सड़क में गठीगढ़ में पहाड़ी धंसने से करीब 20 घंटे तक यातायात पूरी तरह से ठप रहा। मंगलवार सुबह से दोनों तरफ वाहन घंटो तक फंसे रहे। जिसमें 60 से अधिक देशी-विदेशी पर्यटक भी शामिल थे। इसमें कुछ पर्यटक खीरगंगा, पुलगा और तोष से वापस आ रहे थे तो कई सैलानी कसोल, मणिकर्ण की तरफ से इन पर्यटन स्थलों की ओर जा रहे थे। सैलानी घंटों भूखे प्यासे रहे।
घटना सोमवार रात 12 के बाद हुई जब मणिकर्ण-बरशैणी रोड स्थित गठीगढ़ के पास अचानक पहाड़ी धंस गई। जिसमें मलबे के साथ कई विशालकाय चट्टानें आने से मार्ग बंद हो गया। एनएचपीसी द्वारा निकाले गए मार्ग से जहां बरशैणी पंचायत को जाने वाली निगम की बसों के न चलने से जनजीवन ठहर सा गया। वहीं आम लोगों के साथ घाटी के सैर सपाटे को पहुंचे देश-विदेश पर्यटकों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ा। रोड बंद होने से दोनों तरफ से निगम की बसों समेत दोनों ओर से करीब 100 छोटे वाहन फंसे रहे।
बरशैणी पंचायत के प्रधान जय राम ठाकुर ने कहा कि हादसा सोमवार देर रात को हुआ है। ऐसे में यहां किसी तरह के जानमाल का नुकसान नहीं हुआ है। एनएचपीसी द्वारा मार्ग बहाली का कार्य शुरू कर दिया है, लेकिन सड़क पर भारी भरकम चट्टानों के आने से मार्ग को बहाल करने में एनएचपीसी के दिनभर पसीने छूट गए। ऐसे में शाम के समय एलएंडटी को मौके पर लगाना पड़ा। उधर, सहायक आयुक्त कुल्लू सन्नी शर्मा ने कहा कि मणिकर्ण-बरशैणी मार्ग यातायात के लिए कर दिया है। जबकि कुछ जगहों पर मलबा व चट्टानों को हटाने का कार्य जारी है।