सुरेंद्र शौरी को छोड़ना होगा जिप का पद
शौरी के विधायक बनने पर अब खाड़ागाड़ वार्ड में होंगे चुनाव
त्यागपत्र के बाद नियमानुसार छह महीने में करवाने होंगे उपचुनाव
अमर उजाला ब्यूरो
कुल्लू। बंजार विधानसभा से विधायक चुने गए सुरेंद्र शौरी को अब खाड़ागाड वार्ड जिला परिषद का पद छोड़ना होगा। विस चुनाव के दौरान सुरेंद्र शौरी को भाजपा हाईकमान ने बंजार विधान से अपना भाजपा प्रत्याशी बनाया था, लेकिन इस दौरान वह बंजार के खाड़ागाड़ वार्ड से जिला परिषद के पार्षद थे। अब वह विधायक का चुनाव जीत गए हैं। ऐसे में अब उन्हें पंचायतीराज एक्ट के तहत जिला परिषद सदस्य के पद से इस्तीफा देना होगा।
एक्ट के अनुसार कोई भी व्यक्ति दो पदों पर नहीं रह सकता है। दिसंबर 2015 को हुए पंचायत चुनावों में सुरेंद्र शौरी ने बड़ी जीत हासिल की थी और लगभग दो साल तक वह जिला परिषद के पद पर आसीन रहे। परंतु अब विधायक बनने से खाड़ागाड़ वार्ड में जिला परिषद के उप चुनाव होंगे।
इस संबंध में बंजार के विधायक सुरेंद्र शौरी ने कहा कि उन्हें एक महीने के भीतर अपने पद से इस्तीफा देना होगा। अगर वह त्यागपत्र नहीं देते हैं तो पद अपने आप ही खाली माना जाता है। जिला पंचायत अधिकारी अंचित डोगरा ने कहा कि पंचायतीराज एक्ट के तहत विधायक सुरेंद्र शौरी को त्यागपत्र देना होगा। कोई भी व्यक्ति दो पदों पर नहीं रह सकता है। त्यागपत्र देने के बाद दोबारा से उप चुनाव की अधिसूचना जारी की जाती है। वहीं बंजार के जिला परिषद वार्ड खाड़ागाड़ से कौन बनेगा नया सदस्य इस पर सुगबुगाहट शुरू हो गई है।