बर्फबारी को देखते हुए स्कूलों में दो दिन का अवकाश घोषित
टिंगरेट में 90 सेंमी हिमपात, बिजली और दूरसंचार नेटवर्क ठप
रेफर किए 34 मरीजों के साथ 78 स्कूली बच्चों की मुश्किलें बढ़ीं
अमर उजाला ब्यूरो
केलांग/उदयपुर (लाहौल-स्पीति)। जनजातीय क्षेत्र लाहौल-स्पीति में 24 घंटों से ताबड़तोड़ बर्फबारी हो रही है। जिला मुख्यालय केलांग में अभी तक 50 सेंटीमीटर बर्फ रिकॉर्ड की गई है, जबकि मयाड़ के टिंगरेट में 90 सेंमी, उदयपुर में 55 सेंमी, दारचा में 60 सेंमी, गौशाल में 60 सेंमी और काजा में 30 सेंमी हिमपात की सूचना है।
घाटी में वीरवार शाम से बिजली गुल है, जबकि केलांग को छोड़कर समूची घाटी में दूरसंचार नेटवर्क भी बंद है। जिला प्रशासन ने भारी बर्फबारी और हिमखंड गिरने की आशंका को देखते जिला के सभी शिक्षण संस्थानों में शुक्रवार और शनिवार को अवकाश घोषित किया है। एसडीएम सुभाष गौतम ने बताया कि सासे की तरफ से हिमखंड गिरने की चेतावनी और लगातार हो रही बर्फबारी को देखते हुए लोगों को घरों से दूर न जाने की हिदायत दी गई है। बर्फबारी के कारण लाहौल के लिए नियमित हेलीकॉप्टर उड़ानें नहीं होने से बोर्ड परीक्षाओं के प्रश्न पत्र अभी तक घाटी नही पहुंच पाए हैं। इससे बोर्ड परीक्षाओं के समय पर संचालन को लेकर संशय बना हुआ है। इस बीच पुलिस, प्रशासन वायरलेस सेट के जरिये स्थिति का जायजा ले रहे है। बर्फबारी के कारण वीरवार को स्कूलों और सरकारी कार्यालयों में कम हाजिरी देखने को मिली।
बर्फ में यहां विभिन्न हेलीपैडों में फंसे 34 मरीजों के साथ 78 स्कूली बच्चे लगातार आसमान की ओर टकटकी लगाए बैठे हैं कि कब मौसम खुले और वे घाटी से बाहर निकल सकें। बिजली बोर्ड ने दो दिन पूर्व ही दिन रात एक कर कुल 148 में से 116 ट्रांसफार्मर से बिजली को बहाल किया था। एक बार फिर से बोर्ड के कर्मचारियों की मुश्किलें बढ़ गई है। एसडीएम सुभाष गौतम ने कहा कि मौसम के मिजाज को देखते हुए 22 और 23 फरवरी को लाहौल-स्पीति जिला के शैक्षणिक संस्थान बंद रहेंगे।