कुल्लू। शहर में लोगों और वाहन चालकों के लिए परेशानी का कारण बन रहे लावारिस पशुओं को नालागढ़ सैंक्चुरी भेजा गया है। दो ट्रकों में करीब 15 पशुओं को रेस्क्यू कर नालागढ़ सैंक्चुरी भेजा। शहर के विभिन्न हिस्सों में लंबे समय से लावारिस पशु डेरा जमाए हुए थे। इससे यातायात प्रभावित होने के साथ ही राहगीरों, दुकानदारों और वाहन चालकों के लिए दुर्घटना का खतरा बना रहता था।
कई बार बैलों के आपस में भिड़ने से बाजार में अफरा-तफरी की स्थिति भी पैदा हो जाती थी। दशहरा उत्सव के दौरान शहर में बढ़ने वाली भीड़ को देखते हुए इन पशुओं को हटाने की मांग उठ रही थी। नगर परिषद की उपाध्यक्ष शालिनी राॅय ने बताया कि शहर में करीब 40 लावारिस पशुओं की टैगिंग की गई है। इन्हें चरणबद्ध तरीके से नालागढ़ सैंक्चुरी भेजने की प्रक्रिया शुरू की गई है।
इसी अभियान के तहत शनिवार को 15 पशुओं को रेस्क्यू कर दो ट्रकों के माध्यम से सुरक्षित स्थान के लिए भेजा गया। उन्होंने बताया कि अभियान में नगर परिषद के साथ पशु विभाग और नंदीशाला संस्था का भी सहयोग लिया जा रहा है। आने वाले दिनों में शहर के अन्य हिस्सों से भी लावारिस पशुओं को रेस्क्यू करने की कार्रवाई जारी रहेगी। संवाद