अमर उजाला ब्यूरो
कुल्लू। समुद्रतल से 18500 फीट से अधिक ऊंचाई पर स्थित श्रीखंड महादेव के दर्शन के लिए श्रद्धालुओं का तांता लगना शुरू हो गया है। श्रीखंड महादेव की यात्रा में जाने वाले श्रद्धालुओं को पहली बार फिटनेस टेस्ट के साथ ट्रैकिंग के गुर सिखाए जा रहे हैं।
श्रीखंड महादेव यात्रा ट्रस्ट ने पर्वतारोहण संस्थान मनाली के एक प्रशिक्षित अधिकारी को भी तैनात किया है। उनके साथ करीब 15 अन्य लोगों को भी शामिल किया है, जो रेस्क्यू के साथ ट्रैकिंग के भी जानकार हैं। इस पूरे दल की अगुवाई पर्वतारोहण संस्थान मनाली के सुपरवाइजर अनिरुद्ध चौहान कर रहे है। वह बैस कैंप से जाने वाले तीर्थ यात्रियों को 32 किलोमीटर लंबे श्रीखंड को पार करने के टिप्स दे रहे हैं। महादेव के दर्शन के लिए होने वाली यात्रा में क्या सावधानियां बरतनी हैं, किस जगह पर कैसे ट्रैकिंग करनी है, इस बारे में सभी श्रद्धालुओं को प्रशिक्षण दिया जा रहा है। यात्रा की सफलता के लिए श्रीखंड महादेव यात्रा ट्रस्ट ने इस बार पांच बैस कैपों की स्थापना की है, जबकि पूर्व में श्रीखंड यात्रा में तीन ही बैस कैंप लगाए जाते रहे हैं। हर कैंप में फिटनेस टेस्ट के बाद श्रद्धालुओं को आगे भेजा जा रहा है। उपायुक्त कुल्लू एवं ट्रस्ट के अध्यक्ष यूनुस ने कहा कि आपात स्थित से निपटन के साथ रेस्क्यू दल के साथ यात्रा के पहले बैस कैंप में एक रेस्क्यू वैन को भी तैनात किया गया है।
सोशल मीडिया से श्रीखंड यात्रा की निगरानी
15 जुलाई से 13 अगस्त तक चलने वाली 32 किलोमीटर की खड़ी चढ़ाई वाली श्रीखंड महादेव की यात्रा पर सोशल मीडिया से निगरानी रखी जा रही है। इसके लिए ट्रस्ट की ओर से अलग-अलग व्हाट्स एप ग्रुप भी बनाए गए हैं। इसमें श्रीखंड यात्रा पर लगाए नोडल अधिकारियों के साथ-साथ आपदा प्रबंधन की टीम और प्रशासन के सभी अधिकारियों को जोड़ा गया है। डीसी कुल्लू यूनुस ने कहा कि श्रीखंड यात्रा की हर घटना को रात-दिन सोशल मीडिया पर अपडेट किया जा रहा है।