पालमपुर के राजपुर में दुकानों में घुसा पानी। -स्रोत : जागरूक पाठक
पालमपुर (कांगड़ा)। उपमंडल में मानसून की पहली ही भारी बारिश ने लोक निर्माण विभाग और जल शक्ति विभाग के दावों की हवा निकाल दी है। एक तरफ नालियां जाम होने से बारिश का पानी सड़कों और दुकानों में घुस गया तो दूसरी तरफ न्यूगल खड्ड में पानी का बहाव तेज होने के कारण पांच पेयजल योजनाएं प्रभावित हो गईं। इससे क्षेत्र में भारी पेयजल संकट गहरा गया।
राजपुर क्षेत्र में सड़कों के किनारे जल निकासी की व्यवस्था न होने के कारण बारिश का पानी दुकानों के अंदर घुस गया। इससे व्यापारियों को काफी नुकसान उठाना पड़ा और दुकानें बंद रखनी पड़ीं। स्थानीय पार्षद किरण धीमान ने आरोप लगाया कि चौक पर नाली का निर्माण न होना इस जलभराव का मुख्य कारण है।
इसके अलावा पालमपुर-धर्मशाला मार्ग पर एसएसबी चौक, बिंद्रावन, चिंबलहार और मैंझा में भी नालियां बंद होने से पानी सड़क पर बहता रहा और यातायात प्रभावित हुआ। पीडब्ल्यूडी के एसडीओ सार्थक सूद ने कहा कि विभाग ने नालियों की सफाई करवाई थी, लेकिन कुछ स्थानों पर आई समस्याओं को जल्द दूर किया जाएगा।
उधर, न्यूगल खड्ड में उफान आने से जल शक्ति विभाग की पांच से छह पेयजल परियोजनाएं को नुकसान पहुंचा है। इससे कई क्षेत्रों में पानी की आपूर्ति पूरी तरह ठप हो गई। पालमपुर शहर के वार्ड दो और तीन में मटमैले पानी के कारण बंद की गई सप्लाई को शाम करीब 4 बजे बहाल किया जा सका। जल शक्ति विभाग के एक्सईएन पंकज व्यास ने बताया कि बारिश से हुए नुकसान का आकलन किया जा रहा है। मंगलवार शाम तक अधिकतर योजनाओं को अस्थायी रूप से शुरू कर दिया गया है, हालांकि इन्हें स्थायी रूप से ठीक करने में समय लगेगा।