धर्मशाला। ट्रेड लाइसेंस बनाने को लेकर नगर निगम धर्मशाला ने 10 अप्रैल का समय दिया है। वहीं, कोतवाली, कचहरी, दाड़ी और मैक्लोडगंज के व्यापारियों में नगर निगम के इस फैसला से आक्रोश है।
कोतवाली व्यापार मंडल के अध्यक्ष अनुज कश्यप ने कहा कि ट्रेड लाइसेंस बनाने के बाद छोटे-बड़े सभी कारोबारियों पर टैक्स का बोझ पड़ेगा। धर्मशाला में व्यापार को बढ़ाने के लिए हरसंभव प्रयास किए जा रहे हैं। कारोबार अधिक न होने के चलते परिवार का पालन पोषण करना मुश्किल हो जाएगा और अब ट्रेड लाइसेंस बन जाने के बाद व्यापारियों पर टैक्स भी देना पड़ेगा।
वहीं, दाड़ी व्यापार मंडल के अध्यक्ष हर्ष ओवरॉय ने कहा कि ट्रेड लाइसेंस का नियम 2021 में लागू हुआ है। इतने सालों में नगर निगम कहां सोया था, जो अब अचानक से कारोबारियों के ट्रेड लाइसेंस बनाए जा रहे हैं। धर्मशाला में लगभग छह हजार के करीब कारोबारी हैं और यदि लाइसेंस नहीं बना पाते हैं तो हजार रुपये का जुर्माना लगाया जाएगा।
उधर, नगर निगम धर्मशाला की मेयर नीनू शर्मा ने कहा कि ट्रेड लाइसेंस अधिनियम के तहत ट्रेड लाइसेंस बनाने का प्रावधान है। कारोबारियों के ट्रेड लाइसेंस पांच साल के लिए बनाया जा रहा है, जिसका उन्हें पांच साल में मात्र 500 रुपये ही देना है। वहीं, प्रति माह साढ़े आठ रुपये और एक साल का 100 रुपये भरा जाएगा। अभी तक लगभग 100 के करीब कारोबारी अपने लाइसेंस बना चुके हैं। निर्धारित तिथि तक यदि व्यापारी लाइसेंस नहीं बनाते हैं तो नगर निगम की ओर से एक हजार रुपये जुर्माना किया जाएगा। संवाद