धर्मशाला। दुर्घटना के बाद बीमा कवर वाले वाहन की क्लेम राशि न देने पर एक बीमा कंपनी के खिलाफ जिला उपभोक्ता आयोग ने ग्राहके पक्ष में फैसला सुनाया है। कंपनी को नौ प्रतिशत ब्याज सहित 1,03,626 रुपये उपभोक्ता को देने होंगे। साथ ही 20 हजार रुपये मुआवजा और 10 हजार रुपये न्यायालय शुल्क भी उपभोक्ता को देना होगा।
जिला उपभोक्ता आयोग धर्मशाला के अध्यक्ष हेमांशु मिश्रा, सदस्य आरती सूद और नारायण ठाकुर की खंडपीठ ने यह फैसला सुनाया है। आयोग के समक्ष संदीप कुमार निवासी ग्राम बांध डाकघर भंगवार जिला कांगड़ा ने शिकायत दर्ज करवाई थी। शिकायत में कहा था कि उन्होंने सामान ढोने वाला वाहन खरीदा था। उन्होंने 7 अगस्त, 2023 को 19,805 रुपये का एक वर्ष का बीमा एक कंपनी से करवाया। बीमा 9 अगस्त, 2023 से 8 अगस्त, 2024 तक वैध था। शिकायतकर्ता ने बताया था कि 16 फरवरी, 2024 को सकरी नगरोटा सूरियां के पास एक पेड़ से टकराकर वाहन दुर्घटनाग्रस्त हो गया।
शिकायतकर्ता ने इसके बाद क्लेम के लिए कंपनी के पास आवेदन किया। कंपनी ने पहले अनुमानित 1.25 लाख रुपये की क्लेम राशि देने के लिए हामी भर दी, लेकिन कंपनी ने एक माह बाद वाहन के नुकसान को लेकर बीमा राशि देने से मना कर दिया। इसके बाद शिकायतकर्ता ने बीमा कंपनी के खिलाफ उपभोक्ता आयोग में मामला दर्ज करवाया। आयोग के समक्ष पहुंचे मामले में सभी तथ्यों को जांचने के बाद उपभोक्ता के पक्ष में आयोग ने फैसला सुनाया।