धर्मशाला। जदरांगल के किसान ने हरियाणा के कारोबारी से दो गउएं खरीदी थीं, लेकिन दूध न देने पर उन्हें वापस लौटा दिया गया। इस दौरान कारोबारी ने गउओं की खरीद राशि वापस नहीं की। अब उपभोक्ता आयोग ने इस मामले में उपभोक्ता के पक्ष में फैसला सुनाया है। आदेशों के मुताबिक डेयरी फार्म बालासर सिरसा हरियाणा के मालिक को अब किसान को नौ प्रतिशत ब्याज सहित 1,95,000 रुपये की राशि लौटानी होगी। साथ ही बतौर मुआवजा 50 हजार रुपये और अदालती शुल्क के तौर पर 10 हजार रुपये भी देने होंगे। जिला उपभोक्ता आयोग के अध्यक्ष हेमांशु मिश्रा, सदस्य नारायण ठाकुर और आरती सूद की अदालत ने यह फैसला सुनाया है।
आयोग के समक्ष इस बाबत राजमल निवासी जदरांगल तहसील धर्मशाला ने शिकायत दर्ज करवाई थी। शिकायत में उन्होंने कहा था कि अगस्त 2023 में उन्होंने अजय कुमार निवासी रेलवे स्टेशन नगरोटा बगवां से संपर्क किया, जो कि अच्छी नस्ल की गायों की खरीद और बिक्री का कार्य करता था। जिस पर अजय कुमार ने शिकायतकर्ता के साथ कृष्णा डेयरी फार्म बालासर सिरसा हरियाणा के मालिक दर्शन राव से संपर्क किया और इसके बाद वह गउओं की खरीद के लिए हरियाणा पहुंचे। शिकायतकर्ता राजमल ने साहीवाल नस्ल की दो गउएं खरीदीं। राजमल ने इन दोनों गउए की खरीद पर 1,95,000 रुपये की राशि का भुगतान किया।
इसमें उसने 74,000 नकद और ऑनलाइन के माध्यम से 1,21,000 रुपये दिए। इसमें एक गाय की कीमत 1,10,000 और दूसरी की कीमत 85,000 रुपये थी। जब वे दोनाें गउओं को लेकर जदरांगल अपने घर पहुंचा तो दोनों ही गउओं ने दूध नहीं दिया। इसके बाद राजमल ने इसकी शिकायत गायों की बिक्री करने वाले से भी की और 13 अगस्त, 2023 को गउओं के विक्रेता ने भी राजमल के घर आकर जांच की। इसके बाद राजमल ने इन दोनों गउओं को विक्रेता को वापस कर दिया और अपने पैसे वापस करने के लिए कहा। विक्रेता ने दो दिन के भीतर उसकी राशि को वापस करने का आश्वासन दिया, लेकिन काफी समय बीत जाने के बाद भी राशि वापस नहीं लौटाई। आयोग के समक्ष पहुंची शिकायत के बाद सभी तथ्यों को जांचने के बाद आयोग ने उपभोक्ता के पक्ष में फैसला सुनाया है।