पालमपुर (कांगड़ा)। प्रदेश राज्य सहकारी कृषि एवं ग्रामीण विकास बैंक के चेयरमैन संजय सिंह चौहान ने कहा कि सुलह उप-तहसील को अब पूर्ण तहसील का दर्जा मिल गया है। इससे क्षेत्र के हजारों लोगों को बड़ी राहत मिली है। अब सुलह में तहसीलदार की नियुक्ति होगी और राजस्व से संबंधित सभी कार्य स्थानीय स्तर पर ही पूरे हो सकेंगे।
प्रदेश राज्य सहकारी कृषि एवं ग्रामीण विकास बैंक के चेयरमैन संजय सिंह चौहान ने एक प्रेस बयान में दावा किया है कि प्रदेश सरकार ने कैबिनेट बैठक में सुलह उप-तहसील को तहसील का दर्जा देने के फैसले पर मोहर लगा दी है। हालांकि अभी तक इसकी औपचारिक अधिसूचना जारी होना बाकी है। यह दर्जा मिलने से अब मैंझा, सलोह, हैंझा, बोदा, खडौठ, दरंग, परौर, सुलह कस्बा, सुलह, समूला, ननाओ पटवार सर्कलों के लोगों को अपने राजस्व संबंधी कामों के लिए दूर स्थित पालमपुर तहसील नहीं जाना पड़ेगा।
संजय सिंह चौहान ने कहा कि लोगों की समस्या को देखते हुए उन्होंने मुख्यमंत्री सुखविंद्र सिंह सुक्खू के सामने सुलह को तहसील का दर्जा दिलवाने की मांग रखी थी, जिसे मुख्यमंत्री ने पूरा कर दिया है। सुलह को पूर्ण तहसील का दर्जा मिलने पर प्रदेश कांग्रेस कमेटी के अल्पसंख्यक विभाग के प्रदेश उपाध्यक्ष सिरिल चंद्र, पिछड़ा वर्ग कल्याण बोर्ड के बलदेव सिंह, अनुसूचित कल्याण बोर्ड के उत्तम चंद, वेद प्रकाश, देश राज, ट्रेडर्स कल्याण बोर्ड के संदीप जम्वाल, ब्लॉक युवा कांग्रेस के सन्नी बलारू सहित अन्य वरिष्ठ कार्यकर्ताओं ने मुख्यमंत्री सुखविंद्र सिंह सुक्खू और संजय चौहान को बधाई दी।
अभी नहीं मिली को आधिकारिक सूचना : साजन
प्रशासन को तहसील का दर्ज मिलने की कोई जानकारी नहीं है। तहसीलदार पालमपुर साजन बग्गा ने कहा है कि अभी तक उन्हें सुलह को पूर्ण तहसील का दर्जा दिए जाने को लेकर कोई आधिकारिक सूचना प्राप्त नहीं हुई है।