पालमपुर(कांगड़ा)। विद्युत पेंशनर्स फोरम पालमपुर की मासिक बैठक संस्थापक अध्यक्ष एसएल भाटिया की अध्यक्षता में पालमपुर में हुई। इसमें लगभग 98 सदस्यों ने भाग लिया।
इस दौरान प्रदेश उपाध्यक्ष एवं जिला जिला प्रेस सचिव अमरनाथ सेठी ने कहा कि हिमाचल सरकार के कर्मचारी पेंशनर विरोधी फैसले लेने, ट्रेड यूनियन के श्रम कानूनों को दरकिनार कर अपने साथ हो रहे न्याय के खिलाफ आवाज उठाने पर प्रताड़ित करने की कार्रवाई अमल में लेकर लोकतांत्रिक अधिकारी का हनन हो रहा है। संयुक्त संघर्ष समिति के आह्वान पर हमीरपुर में विद्युत कर्मचारी, अधिकारी एवं पेंशनर्स की जिला पंचायत में अपने अधिकारी की आवाज उठाने पर नादौन यूनिट के अध्यक्ष नीतीश भारद्वाज सहायक लाइनमेन को निलंबित कर दिया।
यह कर्मचारी मुख्यमंत्री के गृह निर्वाचन क्षेत्र में कार्यरत है। इसे बिना नोटिस दिए निलंबित कर प्रताड़ित किया गया। उन्होंने कहा कि विद्युत कर्मचारियों के साथ सौतेला व्यवहार न किया जाए। बैठक में एक मत से प्रस्ताव नंबर एक पारित कर सरकार एवं केंद्रीय नेतृत्व से आग्रह किया गया कि जल्द भारद्वाज की सेवा बाहल की जाए, अन्यथा संघर्ष तेज किया जाएगा।
वहीं, प्रस्ताव नंबर दो में पेंशनरों के वर्षों से लटके बकाए एकमुश्त दिए जाएं, क्योंकि सैकड़ों सेवानिवृत्त कर्मचारी इंतजार करते-करते स्वर्ग सिधार चुके हैं। बैठक में अमर सिंह, सतीश परमार, ई. आरके पठानियां सेवा निवृत मुख्य अभियंता, धर्म चंद, पवन सरोत्री, ओमप्रकाश शर्मा जिला उपप्रधान समेत कई लोग ने संबोधित किया।