फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

मार्केट वैल्यू के आधार पर फैक्टर-2 के हिसाब से मुआवजे की मांग

विज्ञापन
विज्ञापन
जसूर (कांगड़ा)। पठानकोट-मंडी फोरनेल में प्रभावितों को उचित मुआवजा दिलवाने के लिए हिमाचल फोरलेन लोक बॉडी के अध्यक्ष राजेश पठानिया सहित प्रभावितों ने बुधवार को भरवाईं में मुख्यमंत्री जयराम ठाकुर से मुलाकात की। इस मौके मंडी फोरलेन परियोजना में विस्थापितों को उचित मुआवजा दिलवाने के लिए मुख्यमंत्री को ज्ञापन भी सौंपा। ज्ञापन में मांग की गई कि पठानकोट-मंडी फोरलेन परियोजना जो कि भू अधिग्रहण की प्रक्रिया के अंतिम चरण में है और उसके लेटर अवार्ड किए जा चुके हैं। लेकिन सरकार और एनएचएआई ने मिलकर नूरपुर की जनता विशेषकर कंडवाल से सियूनी तक के लोगों को एक बड़ा झटका देते हुए उनकी एनएच के किनारे की व्यापारिक जमीन के दाम कौड़ियों में लगाए हैं।
विज्ञापन

इससे करीब 3781 प्रभावित लोगों को आत्महत्या करने पर सरकार ने मजबूर कर दिया है। फोरलेन लोक बॉडी ने मुख्यमंत्री को इस प्रक्रिया को तुरंत रोकने के निर्देश जारी करने की गुहार लगाई है। राजेश पठानिया ने मुख्यमंत्री को बताया कि एनएच के किनारे की जमीन जिसका मौजूदा मूल्य पांच लाख प्रति मरले से कम नहीं है। उसका उन्होंने रेट करीब 2 लाख प्रति कनाल आंका है। जिस जमीन को लोगों ने 2012 में दो लाख प्रति मरला खरीदा था, अब सरकार उसका मूल्य दो लाख प्रति कनाल लगा रही है। इस परियोजना को शुरू होने में अत्यधिक देरी के कारण जद में आ रहे लोगों ने बैंक से कर्ज लेकर काम शुरू किए। अब सरकार की ओर से कम कीमत उन्हें आत्महत्या करने को मजबूर कर रही है। ज्ञापन में मांग की कि तुरंत इस परियोजना का भू अधिग्रहण रोका जाए और प्रभावितों को मार्केट वैल्यू के आधार पर फैक्टर-2 के हिसाब से ब्याज सहित मुआवजा दिया जाए। वहीं मुख्यमंत्री जयराम ठाकुर ने फोरलेन प्रभावितों की बात को गौर से सुनते हुए डीसी कांगड़ा राकेश कुमार प्रजापति को इस मामले में संज्ञान लेने के निर्देश दिए हैं।
विज्ञापन
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें