परागपुर (कांगड़ा)। सदवां बीट के तहत खैर के पेड़ों के कटान को लेकर ग्रामीणों में भारी रोष है। ग्रामीण समरजीत, देवेंद्र सिंह, अंजना देवी, मीरा, निर्मला देवी और सिकंदरा देवी ने आरोप लगाया कि ठेकेदार को वन विभाग ने सीमित संख्या में पेड़ों के कटान की अनुमति दी थी, लेकिन उसने 30 के करीब पेड़ों को जड़ सहित उखाड़ दिया।
इससे न केवल पर्यावरण को नुकसान पहुंचा है बल्कि भूमि की उर्वरता और भविष्य में पेड़ों के दोबारा होने पर भी गंभीर असर पड़ेगा। लोगों ने आरोप लगाया कि जिन पेड़ों को काटने की कोई आवश्यकता नहीं थी, उन्हें भी नुकसान पहुंचाया गया। इसको लेकर ग्रामीणों ने डीएफओ देहरा को लिखित शिकायत भेजकर कड़ी कार्रवाई की मांग की है।
उन्होंने कहा कि शिकायत के बावजूद अब तक कोई भी अधिकारी मौके पर स्थिति का जायजा लेने नहीं पहुंचा, जिससे लोगों में नाराजगी और बढ़ गई है।
उधर, वन मंडल अधिकारी देहरा सन्नी वर्मा ने बताया कि मामला उनके संज्ञान में है। फील्ड स्टाफ की ओर से नुकसान की रिपोर्ट तैयार कर ली गई है और पूरे प्रकरण की जांच की जा रही है। दोषियों के खिलाफ नियमानुसार कार्रवाई का आश्वासन भी दिया गया है।