धर्मशाला। रोजगार कार्यालयों में पंजीकृत बेरोजगारों की भारी भीड़ के बावजूद युवा रोजगार के मौकों को नहीं भुना पा रहे हैं। उप रोजगार कार्यालय नूरपुर में शनिवार को टेरियर सिक्योरिटी सर्विसेज इंडिया प्राइवेट लिमिटेड द्वारा सुरक्षा गार्डों के 200 पदों को भरने के लिए आयोजित कैंपस इंटरव्यू में मात्र एक ही उम्मीदवार पहुंचा। यह स्थिति तब है जब अकेले नूरपुर कार्यालय में सात हजार से अधिक बेरोजगार युवा पंजीकृत हैं।
विभागीय आंकड़ों के अनुसार उप रोजगार कार्यालय नूरपुर के तहत 7,292 युवा ऑनलाइन पोर्टल पर पंजीकृत हैं। इसके अतिरिक्त 13,072 युवाओं ने अपने पंजीकरण रिन्यू करवाए हैं। पिछले एक साल में ही 1,060 नए उम्मीदवारों ने यहां अपना पंजीकरण कराया है। हजारों की इस संख्या के बावजूद 200 पदों के लिए केवल एक युवा का पहुंचना प्रशासन और रोजगार नीतियों पर सवाल खड़े करता है।
साक्षात्कार में पहुंचे इकलौते उम्मीदवार का चयन कंपनी द्वारा कर लिया गया है। क्षेत्रीय रोजगार अधिकारी अक्षय सूद ने बताया कि डिजिटल इंडिया पहल के तहत अब उम्मीदवारों को व्यक्तिगत पत्र (लेटर) भेजने के बजाय रिक्तियों की जानकारी ऑनलाइन पोर्टल पर डाली जाती है। साथ ही प्रिंट मीडिया के माध्यम से भी इसका व्यापक प्रचार-प्रसार किया जाता है। उन्होंने स्पष्ट किया कि सरकारी विभागों में शैक्षणिक योग्यता के आधार पर नाम भेजे जाते हैं, जबकि निजी क्षेत्र में चयन केवल साक्षात्कारों के माध्यम से होता है।
प्रचार-प्रसार की विफलता या सुरक्षा गार्ड की नौकरी पसंद नहीं
इतनी बड़ी संख्या में पंजीकृत युवाओं का साक्षात्कार में न पहुंचना दो बड़े संकेत देता है या तो डिजिटल पोर्टल के माध्यम से सूचना पात्र युवाओं तक समय पर नहीं पहुंच पा रही है या फिर उच्च शिक्षित युवा सुरक्षा गार्ड जैसे पदों पर निजी क्षेत्र में सेवा देने के इच्छुक नहीं हैं। बहरहाल 200 रिक्तियों के विरुद्ध एक ही आवेदन आने से भर्ती प्रक्रिया पूरी तरह बेअसर साबित हुई है।