जसूर (कांगड़ा)। विद्युत बोर्ड पेंशनर फोरम की नूरपुर, जवाली, फतेहपुर, गंगथ, इंदौरा और कोटला यूनिटों के पदाधिकारियों की संयुक्त बैठक विश्राम गृह बोढ जसूर में राज्य उपाध्यक्ष पवन मोहल की अध्यक्षता में हुई। बैठक में 9 जुलाई को धर्मशाला में होने वाली जिला कांगड़ा महापंचायत की तैयारियों पर चर्चा की गई। पवन मोहल ने कहा कि बोर्ड प्रबंधन ने 10 जून को हुई बैठक में तीन माह में सेवानिवृत्त कर्मचारियों के वित्तीय लाभों का निपटारा करने का आश्वासन दिया था, लेकिन एक माह बाद भी कोई कार्रवाई नहीं हुई।
उन्होंने बताया कि 1 जनवरी, 2016 से 31 मार्च, 2022 तक रिटायर कर्मचारियों को संशोधित वेतनमानों, ग्रेच्युटी, लीव-इन-कैशमेंट की बकाया राशि अब तक नहीं दी गई है। सितंबर, 2023 के बाद लीव इन कैशमेंट और मार्च 2024 के बाद ग्रेच्युटी भी लंबित है, जिससे पेंशनरों में रोष व्याप्त है। बैठक में चेतावनी दी गई कि यदि समय पर देनदारियां नहीं दी गई तो प्रदेशव्यापी आंदोलन तेज किया जाएगा। साथ ही विद्युत बोर्ड में युक्तिकरण के नाम पर पद समाप्त करने पर भी चिंता जताई गई और लगभग 12,000 रिक्त स्वीकृत पदों पर शीघ्र भर्ती की मांग की गई। इस अवसर पर नूरपुर यूनिट प्रधान मान सिंह धीमान, सचिव अरुण सहोत्रा, जिला मुख्य सलाहकार कुल जीवन डोगरा सहित अन्य पदाधिकारी और सदस्य मौजूद रहे।