पालमपुर (कांगड़ा)। नागरिक अस्पताल पालमपुर में अब आने वाले दिनों में मरीजों की रोटी पर संकट आ सकता है। अस्पताल की रसोई में लगे एक रसोइये (कुक) की शनिवार को सेवानिवृत्ति हो जाएगी। वहीं एक रसोइया पहले ही सेवानिवृत्त हो चुका है। इससे अस्पताल की रसोई एक कुक के सहारे रह जाएगी।
इससे आने वाले दिनों में दो सौ बिस्तरों वाले इस उपमंडलीय अस्पताल में मरीजों की रोटी पर संकट आ सकता है। अस्पताल में करीब सौ मरीज दाखिल रहते हैं। ऐसे में एक रसोइया कैसे इतने मरीजों की रोटी का कार्यभार संभाल पाएगा, इस पर भी सवाल उठने लगे हैं।
जानकारी के अनुसार पालमपुर अस्पताल में चलने वाली रसोई में तीन रसोइये काम करते थे। इसमें एक पहले रिटायर हो गया था जबकि एक 29 नवंबर को रिटायर हो रहा है।
ऐसे में दूसरे की रिटायरमेंट होने के बाद पालमपुर उपमंडलीय अस्पताल में दाखिल मरीजों की रोटी बनाने का सारा बोझ एक रसोइये पर हो जाएगा।
सूत्रों की मानें तो इस बात को लेकर अस्पताल प्रशासन भी अंदर खाते चिंतित होने लगा है। कारण साफ है कि बर्तन साफ करने से लेकर रोटी बनाने का काम एक रसोइया कैसे कर सकता है जबकि मरीजों की सुविधा को लेकर और 29 नवंबर को दूसरे रसोइये की रिटायरमेंट को देख सरकार को पहले ही दूसरे कुक का इंजमाम कर लेना चाहिए था।