राजा का तालाब (कांगड़ा)। एक फिल्म की तरह मनगढ़ंत कहानी से चालक ने ही गाड़ी का शीशा तोड़ कैश उड़ा लिया। तो मालिक को बताया कि उसका कैश लूट लिया गया है। हालांकि इस कहानी का पुलिस ने पांच घंटे में ही पटाक्षेप कर दिया।
जानकारी के अनुसार पठानकोट से राजा का तालाब और आस-पास के इलाकों में कन्फेक्शनरी की सप्लाई देने आए ड्राइवर राहुल शर्मा ने अपने सहयोगी सन्नी और साहिल के साथ वापसी पर सुनियोजित ढंग से अपने मालिकों के रुपये उड़ा लिए। ड्राइवर राहुल शर्मा ने पुलिस को अपनी रिपोर्ट में बताया कि जब वह राजा का तालाब से अपने दो सहयोगियों के साथ पठानकोट वापस जा रहा था, तो पीछे से आती इनोवा गाड़ी, जिसमें पांच लड़के थे और तीन पंजाबी बोल रहे थे। उन्होंने गारन और तलाड़ा के बीच रविवार सुबह साढ़े नौ बजे उसकी गाड़ी को रोका तथा बेसवॉल से उसकी गाड़ी का आगे का शीशा तोड़ दिया। इस दौरान उनमें से एक लड़का पिस्तौल हाथ में लिए बाहर निकला और सप्लाई के दौरान इकट्ठी की गई रकम को लेकर भाग गए। राहुल ने पुलिस को बताया कि यह रकम लगभग 25-30 हजार के बीच में थी। जानकारी मिलने पर डीएसपी नूरपुर मेघनाथ चौहान, सब इंस्पेटर कल्याण सिंह, एएसआई राजेश द्विवेदी, हैड कांस्टेबल कमलेश चंद अपने दल बल के साथ घटनास्थल पर पहुंचे। पुलिस ने राजा का तालाब से घटनास्थल के बीच में लगे सीसीटीवी कैमरों के फुटेज देखे। ड्राइवर राहुल शर्मा के बताए समय के दौरान कोई इनोवा गाड़ी सीसीटीवी में नजर नहीं आई। वहीं, उस समय सीसीटीवी में साफ नजर आ रहा थिा कि उस समय गाड़ियों की आवाजाही निरंतर जारी थी। जब पुलिस ने गहनता से जांच की तो पाया घटना वाली जगह पर एक पत्थर पड़ा था। इसमें शीशे के कुछ टुकड़े लगे हुए थे, जबकि ड्राइवर का कहना था कि उन्होंने बेसवॉल से शीशे तोड़े हैं। जब पुलिस ने सख्ती से पूछताछ की तो ड्राइवर ने बताया कि उसने अपने साथ बैठे सन्नी और राहुल के साथ ऐसी कहानी बनाकर घटना को खुद अंजाम दिया। डीएसपी नूरपुर मेघनाथ चौहान ने बताया कि इन तीनों लड़कों ने पहले पैसों से भरे बैग को ले जाकर जसूर में किसी दुकान पर रखा। फिर वापस जाकर ऐसी घटना को अंजाम दिया। पुलिस ने पैसों से भरा बैग बरामद कर आगे की कार्रवाई शुरू कर दी है।