पालमपुर (कांगड़ा)। विधायक विपिन सिंह परमार ने यहां जारी एक बयान में कहा कि वर्तमान शासन हिमाचल प्रदेश को आर्थिक अराजकता और करों के बोझ तले कुचल रहा है।
सरकार अपनी वित्तीय विफलताओं को छिपाने के लिए जनता की जेब पर लगातार प्रहार कर रही है, जबकि सत्ता के गलियारों में मित्रमंडली को पद और सुविधाएं बांटी जा रही हैं। उन्होंने कहा कि एक अप्रैल से वाहनों की एंट्री फीस में की गई वृद्धि इस बात का प्रमाण है कि सरकार के पास न दृष्टि है, न नीति और न ही वित्तीय अनुशासन। हिमाचल जो अपनी आतिथ्य परंपरा और पर्यटन की पहचान के लिए जाना जाता है, वहां स्वागत द्वार पर शुल्क की दीवार खड़ी कर दी गई है।
जब युवा बेरोजगार हैं, व्यापारी वर्ग मंदी की मार झेल रहा है, कर्मचारी और पेंशनर असुरक्षा में हैं, तब सरकार का समाधान केवल कर वृद्धि क्यों बनता है। संवाद