शाहपुर की बोह पंचायत में भूस्खलन की चपेट में आई बच्ची को दुलार करते हुए मुख्यमंत्री सुखविंद्र स
धर्मशाला। बोह घाटी में प्राकृतिक आपदा से प्रभावित परिवारों के बीच पहुंचे मुख्यमंत्री सुखविंद्र सिंह सुक्खू का बेहद संवेदनशील और मानवीय पक्ष देखने को मिला। राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक विद्यालय बोह में स्थापित राहत शिविर में मुख्यमंत्री बिना किसी औपचारिकता के सीधे प्रभावित परिवारों के बीच जा बैठे और उनकी आपबीती सुनी।
शिविर में निरीक्षण के दौरान एक प्रभावित महिला अपनी व्यथा सुनाते हुए भावुक हो गई और उसकी आंखों से आंसू छलक पड़े। मुख्यमंत्री ने तुरंत उसे संभालते हुए ढांढस बंधाया और कहा, ‘रोना नहीं, प्रदेश सरकार आपके साथ है। हर प्रभावित परिवार की हरसंभव सहायता की जाएगी और किसी को भी अकेला नहीं छोड़ा जाएगा।’ मुख्यमंत्री के इन आत्मीय शब्दों से पीड़ित महिला और वहां मौजूद अन्य ग्रामीणों को बड़ा संबल मिला।
राहत शिविर में माहौल उस वक्त और भावुक हो गया जब मुख्यमंत्री ने एक छोटी बच्ची को स्नेहपूर्वक अपनी गोद में उठा लिया। उन्होंने बच्ची के माथे को चूमा और उसके पैर में लगी चोट को देखकर अधिकारियों को आवश्यक देखभाल के निर्देश दिए। मुख्यमंत्री ने कहा कि यह समय निसंदेह बहुत कठिन है, लेकिन राज्य सरकार पूरी संवेदनशीलता के साथ हर आपदा पीड़ित के साथ चट्टान की तरह खड़ी है। प्रभावितों को दोबारा सामान्य जीवन की ओर लौटाने और उनके पुनर्वास के लिए सरकार कोई कसर नहीं छोड़ेगी।