देहरागोपीपुर (कांगड़ा)। देहरा के पूर्व विधायक होशियार सिंह ने प्रदेश सरकार पर तीखा हमला बोला। उन्होंने कहा कि जब प्रदेश आपदाओं और आर्थिक संकट से जूझ रहा है। जनविरोधी नीतियों से प्रदेश कंगाली के कगार पर पहुंच गया है। मगर सत्तारूढ़ कांग्रेस सरकार जश्न और उत्सव में मशगूल है। उन्होंने आरोप लगाया कि सरकार ने जनभावनाओं से कटकर संवेदनहीनता की पराकाष्ठा दिखा दी है।
पूर्व विधायक ने कहा कि जब रोम जल रहा था, तो नीरो बांसुरी बजा रहा था, यह कहावत मौजूदा सरकार पर सटीक बैठती है। उन्होंने कहा कि पिछले तीन वर्षों में दो बड़ी प्राकृतिक आपदाओं ने प्रदेश को आर्थिक रूप से कमजोर कर दिया है, लेकिन सरकार जश्न मनाने में लगी है। आपदा प्रभावित क्षेत्रों में लोगों के घर तबाह हो चुके हैं पर सरकार के मुख्यमंत्री, मंत्री और विधायकों की पूरी फौज मेलों और उत्सवों में डूबी हुई है।
होशियार सिंह ने कहा कि सत्ता सुख में लीन कांग्रेस सरकार जनता के लिए बोझ बन चुकी है। सुक्खू सरकार ने प्रदेश की आर्थिक नीतियों को तहस-नहस कर दिया है। कर्ज पर निर्भरता बढ़ाकर सरकार ने प्रदेश को कंगाली की दहलीज पर ला खड़ा किया है। सरकारी कर्मचारी अपने भविष्य को लेकर चिंतित हैं। बेरोजगारी चरम पर पहुंच चुकी है।
10 झूठी गारंटियों से छल गई जनता
भाजपा नेता ने आरोप लगाया कि सत्ता में आने से पहले कांग्रेस ने जिन 10 गारंटियों का वादा किया था, उनमें से एक भी पूरी नहीं की गई। उन्होंने विशेष रूप से इंदिरा गांधी प्यारी बहना सुख सम्मान निधि योजना का उल्लेख करते हुए कहा कि 18 वर्ष से अधिक आयु की महिलाओं को प्रतिमाह 1500 रुपये देने का वादा पूरी तरह हवा हो चुका है।