धर्मशाला। जिला एवं सत्र न्यायाधीश चिराग भानु सिंह की अदालत ने हेरोइन तस्करी के एक मामले में बड़ा फैसला सुनाया है। अदालत ने पंजाब के अमृतसर निवासी राहुल को दोषी करार देते हुए 10 वर्ष के कठोर कारावास और एक लाख रुपये जुर्माने की सजा सुनाई है। जुर्माना अदा न करने की सूरत में दोषी को एक वर्ष का अतिरिक्त साधारण कारावास भुगतना होगा।
यह मामला 30 अप्रैल 2023 की रात का है। एंटी नारकोटिक्स टास्क फोर्स की टीम नूरपुर के हड्डल ब्रिज के पास गश्त पर थी। गुप्त सूचना के आधार पर पुलिस ने पठानकोट की ओर से आ रही एक पंजाब नंबर की कार को जांच के लिए रोका। कार की तलाशी के दौरान गियर लीवर के पास बने ग्लास होल्डर से 275.6 ग्राम हेरोइन बरामद की गई थी। कार में पांच लोग सवार थे।
इसके बाद पुलिस ने एनडीपीएस एक्ट की धारा 21 और 29 के तहत प्राथमिकी दर्ज की थी। मामले में अभियोजन पक्ष की ओर से जिला न्यायवादी एनएस चौहान ने 15 गवाहों और ठोस साक्ष्यों के आधार पर पैरवी की। अदालत ने राहुल को मुख्य रूप से दोषी पाया, जबकि कार में सवार अन्य चार लोगों को संदेह का लाभ देते हुए बरी कर दिया।