सड़क न मिली तो होगा चुनाव का बहिष्कार
पुनणी पंचायत के बाशिंदों ने दी दो टूक चेतावनी
अमर उजाला ब्यूरो
रक्कड़ (कांगड़ा)। पुनणी पंचायत में ‘सड़क नहीं तो वोट नहीं’ का नारा इन दिनों गूंज रहा है। क्षेत्र में हर तरफ लोकसभा चुनाव के बहिष्कार की खबरें आ रही हैं। कोई पोस्टर लगाकर विरोध कर रहा है तो कोई सड़क पर उतरकर। ताजा मामला ग्राम पंचायत पुनणी में सामने आया है, जहां जसवां-परागपुर विधानसभा के कई गांवों में रोड नहीं तो वोट नहीं नारे के साथ स्थानीय ग्रामीणों ने जनप्रतिनिधियों के प्रति लोकसभा चुनावों का बहिष्कार करने का मन बनाया है। जानकारी के अनुसार तहसील रक्कड़ के अंतर्गत लगभग आठ किलोमीटर सलेटी-तुतडू सड़क दशकों से अपनी दयनीय स्थिति को लेकर चर्चा में है। लेकिन, आज तक यहां के लोगों को पक्की सड़क नसीब नहीं हो पाई। यह सड़क सलेटी, कुड़ना, सिद्ध पुनणी, भड़वार, पुनणी, खुबन, मगरू,अलोह, तुतडू आदि गांवों को जोड़ती है। स्थानीय निवासियों का कहना है कि सड़क की दयनीय स्थिति होने के कारण जहां स्कूली बच्चों को मुश्किलों का सामना करना पड़ता है, वहीं बरसात के दिनों में बीमार व्यक्ति को चिकित्सालय तक पहुंचाने में काफी दिक्ततें झेलनी पड़ती हैं। ग्रामीणों का आरोप है कि चुनाव से पहले यहां राजनीतिक दल आते हैं और हर बार बड़े-बड़े वादे करके चले जाते हैं। पुनणी पंचायत प्रधान पवना देवी, उपप्रधान राजेंद्र सिंह, पूर्व उपप्रधान गुरबचन सिंह मनकोटिया, पंचायत वार्ड सदस्य, शिव शक्ति युवा क्लब पुनणी के संयोजक विशाल राणा, अरविंद राणा उपाद्यक्ष, अंकुश राणा महासचिव, दिनेश कुमार सचिव एवं अन्य क्लब सदस्य और स्थानीय ग्रामीणों ने वोटबंदी का एलान किया है। उन्होंने बताया है कि या तो सड़क का कार्य समय रहते शुरू करवाया जाए या फिर उन्हें विभाग द्वारा लिखित में सड़क के पक्का होने के बारे में आश्वस्त करवाया जाए। लोक निर्माण विभाग के सहायक अभियंता परागपुर राजन अग्रवाल ने बताया कि सड़क की फेस सेकंड की डीपीआर शिमला भेज दी गई है। उसके बाद नावार्ड में स्वीकृति के बाद ही सड़क को बनाया जाएगा।