अमर उजाला ब्यूरो
धर्मशाला। जिला मुख्यालय धर्मशाला में निजी नर्सिंग होम पर उपचार के दौरान लापरवाही बरतने से महिला की मौत मामले में स्वास्थ्य विभाग ने जांच शुरू कर दी है। इसके लिए टीम गठित कर जांच की जा रही है। महिला का डेथ ऑडिट करने के बाद आगे की कार्रवाई अमल में लाई जाएगी। साथ ही महिला के स्वास्थ्य उपचार संबंधित दस्तावेज भी एकत्रित किए जा रहे हैं, ताकि महिला के उपचार संबंधित जानकारी हासिल की जा सके।
वीरवार को दाडनू के सैकड़ों लोगों ने एकत्रित होकर निजी नर्सिंग होम के खिलाफ उपचार में लापरवाही बरतने के आरोप लगाए थे। इसके तहत लोगों ने उपायुक्त कांगड़ा संदीप कुमार को जांच के लिए लिखित शिकायत सौंपी थी। मृतक महिला के परिजनों का आरोप है कि नर्सिंग होम की लापरवाही से ही उसकी मौत हुई थी। लिखित शिकायत में महिला के परिजनों ने आरोप लगाया है कि महिला का ऑपरेशन डॉक्टर की गैर मौजूदगी में सहायक स्टाफ ने किया था। इससे महिला की तबीयत खराब होती गई। स्वास्थ्य में सुधार न होने से उन्हें पहले टांडा, जबकि बाद में कांगड़ा के ही अन्य निजी अस्पताल में ले जाया गया था। वहां पर महिला ने दम तोड़ दिया था। शिकायत के बाद उपायुक्त कांगड़ा ने स्वास्थ्य विभाग को तुरंत कार्रवाई के आदेश दिए थे। इस पर स्वास्थ्य विभाग ने जिला कार्यक्रम अधिकारी डॉ. चित्रा के नेतृत्व में टीम का गठन कर जांच का जिम्मा सौंपा है। उधर, मुख्य चिकित्सा अधिकारी कांगड़ा डॉ. आरएस राणा ने बताया कि मामले की जांच के लिए टीम का गठन कर दिया है। निजी नर्सिंग होम में महिला के भर्ती होने से लेकर ऑपरेशन तक के दस्तावेजों की नंबरिंग कर उनकी फोटो कॉपी ले ली है। नर्सिंग होम के स्टाफ की भी जानकारी एकत्रित की जा रही है। इसके अलावा विभाग निजी नर्सिंग होम से रेफर होने के बाद महिला को उपचार के लिए जिन-जिन अस्पतालों में ले जाया गया। उन स्वास्थ्य संस्थानों से भी रिपोर्ट ली जा रही है। जांच रिपोर्ट के आधार पर ही आगामी कार्रवाई अमल में लाई जाएगी।