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Kangra News: बैसाखी पर शक्तिपीठों में 47 हजार श्रद्धालुओं ने किए दर्शन

Mon, 14 Apr 2025 06:04 AM IST
शिमला ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, कांगड़ा
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सुबह पांच बजे से खुले मंदिर के कपाट, जयकारों से गूंजे मंदिर
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संवाद न्यूज एजेंसी
चामुंडा/ ज्वालामुखी/कांगड़ा। बैसाखी पर रविवार को जिलाभर के तीनों शक्तिपीठों में श्रद्धालुओं की भारी भीड़ उमड़ी। मंदिरों के कपाट सुबह पांच बजे से खुलना शुरू हो गए थे। जिले के तीनों शक्तिपीठों बज्रेश्वरी, ज्वालामुखी और चामुंडा मंदिर में 47 हजार श्रद्धालुओं ने शीश नवाया। सुबह से ही मंदिरों के मार्ग पर हजारों की कतारें देखी गईं, जो गत देर रात तक जारी रहीं।
श्रद्धालु जय माता दी के जयकारों के साथ दर्शन के लिए कतारों में प्रतीक्षा करते नजर आए। इस दौरान ज्वालामुखी मंदिर में 22 हजार, श्री चामुंडा नंदिकेश्वर धाम में 20 हजार और कांगड़ा के बज्रेश्वरी मंदिर में पांच हजार श्रद्धालुओं ने दर्शन किए।
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श्री चामुंडा नंदिकेश्वर धाम मंदिर में सबसे ज्यादा भीड़ रही। सुबह पांच बजे से ही श्रद्धालु लाइनों में लगना शुरू हो गए थे, यह सिलसिला देर शाम तक जारी रहा। मंदिर अधिकारी राकेश कुमार ने बताया कि श्रद्धालुओं की भीड़ को देखते हुए सुरक्षा के लिए अतिरिक्त पुलिस बल तैनात गए हैं।
शक्तिपीठ ज्वालामुखी मंदिर में भी इस बार आस्था के सैलाब ने सारे पुराने रिकॉर्ड तोड़ दिए। शनिवार और रविवार की छुट्टियों के कारण श्रद्धालुओं की भारी भीड़ उमड़ी। भीड़ को देखते हुए सुरक्षा कर्मचारियों को पूरी मुस्तैद रहना पड़ा। भीड़ को संभालने में जहां प्रशासन को पसीना बहाना पड़ा, वहीं महिलाओं और बुज़ुर्गों को दर्शन में कई बार असुविधा का सामना भी करना पड़ा।
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गर्मी के बढ़ते प्रकोप को देखते हुए मंदिर प्रशासन ने अस्थायी टेंट, ठंडे पानी की प्याऊ और छाया स्थलों की व्यवस्था की। दर्शनार्थियों की सुविधा के लिए लाइनों को व्यवस्थित किया गया और मंदिर के वरिष्ठ अधिकारियों ने खुद निगरानी करते हुए व्यवस्था को चुस्त-दुरुस्त बनाए रखा। भारी संख्या में श्रद्धालुओं के आगमन से शहर में ट्रैफिक व्यवस्था पर भी दबाव पड़ा। कई स्थानों पर एक किलोमीटर तक जाम की स्थिति बनी रही, लेकिन स्थानीय प्रशासन और पुलिस ने तुरंत मोर्चा संभालते हुए ट्रैफिक को सुचारू रूप से बहाल किया। मंदिर के पुजारी राहुल शर्मा ने बताया कि इस बार बैसाखी मेला श्रद्धा और भक्ति का ऐतिहासिक प्रमाण बना।
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