कमला नेहरू अस्पताल में रविवार को पल्स पोलियो अभियान का शुभारंभ करने पहुंचे मुख्यमंत्री सुखविंद्र सिंह सुक्खू ने मीडिया से बातचीत में कहा कि मनरेगा एक ग्रामीण रोजगार योजना थी। इसे ग्रामीण लोगों को रोजगार देने के लिए लाया गया था। यह सौ दिन की रोजगार योजना थी, जिसमें महिलाओं और अन्य लोगों को रोजगार मुहैया करवाया जा रहा था। यह योजना पूर्व प्रधानमंत्री मनमोहन सिंह और कांग्रेस अध्यक्ष रहीं सोनिया गांधी की सोच थी।
कहा कि जब कोरोनाकाल में रोजगार खत्म हो गया था तो उस समय भी मनरेगा ने रोजगार दिया। प्रदेश की कांग्रेस सरकार ने इस योजना के तहत 80 रुपये तक दिहाड़ी भी बढ़ा दी थी। कहा कि इसे अब बंद किया जा रहा है, जिससे नुकसान होगा। मुख्यमंत्री ने कहा कि केएनएच से गायनी वार्ड को आईजीएमसी शिफ्ट कर दिया गया है। इससे यहां बेड की कमी नहीं होगी। कहा कि पर्यटन कारोबार से सरकार को 18 फीसदी जीएसटी आता है। ऐसे में सरकार इस पर ज्यादा ध्यान दे रही है।