प्रबोध सक्सेना, केके पंत, ओंकार शर्मा।
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मुख्य सचिव प्रबोध सक्सेना को छह महीने का सेवा विस्तार मिलने से अफसरशाही की राजनीति गरमा गई है। हिमाचल के इतिहास में पहली बार किसी मुख्य सचिव को सेवा विस्तार मिला है। भारत सरकार से सेवा विस्तार लेने की फाइल प्रक्रिया पूरी तरीके से गुप्त रही है।
मुख्य सचिव पद की दौड़ में शामिल उच्च अधिकारी भी इसे भांप नहीं सके। शुक्रवार शाम को प्रबोध सक्सेना की फेयरबेल पार्टी में हुई सेवा विस्तार मिलने की घोषणा से अफसरशाही के सबसे बड़े पद के दावेदारों की आंखें भी खुली की खुली रह गई। प्रबोध सक्सेना को एक अप्रैल से 30 सितंबर 2025 तक छह माह का सेवा विस्तार मिला है। ऐसे में अब एक अक्तूबर को प्रदेश को नया मुख्य सचिव मिलेगा। प्रबोध सक्सेना को सेवा विस्तार मिलने से अतिरिक्त मुख्य सचिव केके पंत और ओंकार शर्मा का इंतजार और बढ़ गया है।
वरिष्ठता के आधार पर 1988 बैच के आईएएस अधिकारी संजय गुप्ता पहले स्थान पर हैं। वर्तमान में यह मुख्यमंत्री के प्रधान सलाहकार और बिजली बोर्ड के अध्यक्ष का कार्यभार देख रहे हैं। इनके बाद 1993 बैच के अफसर केके पंत हैं। चंबा जिले से संबंध रखने वाले आईएएस अधिकारी ओंकार शर्मा 1994 बैच के हैं।