उर्दू को ऐच्छिक विषय के रूप में शुरू करने का निर्णय
प्रदेश सरकार ने छठी से आठवीं कक्षा तक चिह्नित स्कूलों में उर्दू भाषा को ऐच्छिक विषय के रूप में आरंभ करने का निर्णय लिया है। राज्य में अल्पसंख्यक समुदाय से संबंधित विद्यार्थियों को प्री-मैट्रिक छात्रवृति योजना, मैरिट-कम-मीन्स छात्रवृत्ति योजना और पोस्ट मैट्रिक छात्रवृति योजना भी कार्यान्वित की जा रही है।