जानकारी के मुताबिक निशा सोनी एयर होस्टेस का कोर्स कर रही थी। चंडीगढ़ के सेक्टर-34 स्थित पीजी में रहती थी। इसी दौरान उसकी दोस्ती फतेहगढ़ साहिब में रहने वाले 31 वर्षीय पंजाब पुलिस के कर्मचारी युवराज से हो गई। 20 जनवरी की शाम निशा युवराज के साथ घर से निकली थी और उसके उपरांत लापता हो गई। उसका मोबाइल नंबर भी बंद आने लगा तो परिवार की चिंता बढ़ने लगी। उसकी तलाश शुरू हुई तो सीसीटीवी कैमरों में वह युवराज के साथ जाते कैद हुई थी। उसके बाद 21 जनवरी को उसका शव पटियाला भाखड़ा नहर से बरामद हुआ।
सिंगपुरा पुलिस थाना की टीम निशा के शव को वापस जिला रूपनगर लेकर आई। परिजनों के बयान दर्ज कर पुलिस कर्मी युवराज को गिरफ्तार कर लिया। डीएसपी राजपाल सिंह गिल ने कहा कि निशा की बहन रितु सोनी के बयानों के आधार पर ही युवराज के खिलाफ मामला दर्ज किया है। रितु ने कहा है कि युवराज उसकी बहन को ब्लैकमेल किया करता था। उसे 20 जनवरी देर शाम अपने साथ लेकर गया और उसकी बहन को पथरेली पुल जिला रूपनगर से नहर में धक्का देकर मार दिया है।