डॉ. राधाकृष्णन मेडिकल कॉलेज हमीरपुर के मेडिकल ओपीडी के बाहर लगी कतार। (संवाद)
हमीरपुर। डॉ. राधाकृष्णन मेडिकल कॉलेज हमीरपुर की विभिन्न ओपीडी के बाहर लगी डिजिटल टोकन डिस्पले बंद पड़ी हैं। अस्पताल के विभिन्न ओपीडी में अभी भी हाथ से ही मरीजों के लिए टोकन नंबर लिखे जाते हैं। ऐसे में इन डिजिटल टोकन डिस्पले का इस्तेमाल नहीं हो रहा। जबकि, अस्पताल में लंबी कतारें लगी रहती हैं। मेडिसिन, ऑर्थो ओपीडी, गायनी ओपीडी, सर्जिकल ओपीडी, नेत्र ओपीडी के बाहर सबसे ज्यादा भीड़ होती है। यहां पर घंटों तक कतार में लगकर मरीज अपनी बारी का इंतजार करते हैं। अस्पताल में कई लोग भाई भतीजावाद और जान पहचान के लोगों को लाकर भी अपनी बारी पहले लगवा लेते हैं। ऐसे में कतार में लगे मरीज कई बार उलझते हुए देखे गए हैं। इन्हीं समस्याओं के समाधान के लिए डिजिटल टोकन प्लेट्स अस्पताल की ओपीडी के बाहर लगाई गईं। लेकिन अब इनका इस्तेमाल ही नहीं हो रहा है। मरीजों विवेक, पंकज, अजय, विजय, आशीष, सुलेखां, कुसुम, चंदा, दिव्या आदि ने कहा कि मेडिसिन ओपीडी के बाहर कई घंटे खड़ा होना पड़ता है, तब जाकर बारी आती है। यहां पर डिजिटल टोकन डिस्पले तो हैं लेकिन इनका इस्तेमाल नहीं होता है।
कोट
मेडिकल कॉलेज के प्राचार्य डॉ. रमेश भारती ने कहा कि मरीजों की पर्ची पर टोकन नंबर दिया जाता है। वहीं, डिजिटल डिस्पले लगीं हैं। अगर कहीं समस्या है तो उसका हल कर दिया जाएगा।