हमीरपुर। मुख्यमंत्री स्वावलंबन योजना के अंतर्गत जिलास्तरीय समिति की मीटिंग उपायुक्त देवश्वेता बनिक की अध्यक्षता में उपायुक्त कार्यालय हमीरपुर में आयोजित की गई। इसमें उद्योग विभाग की ओर से जिलास्तरीय समिति द्वारा अध्ययन करने के बाद 16 आवेदनों का अनुमोदन किया गया। जिन्हें आगामी कार्रवाई के लिए बैंकों को भेजा जाएगा। इन सभी उद्योगों में लगभग 2 करोड़ 55 लाख का कुल निवेश प्रस्तावित है। इससे लगभग 44 लोगों को रोजगार उपलब्ध होगा। इन उद्योगों के लिए सरकार की ओर से लगभग 61 लाख की सब्सिडी दी जाएगी।
उपायुक्त ने जिला के बैंकों को हिदायत देते हुए कहा कि बैंक इस योजना के तहत आने वाले आवेदनों को सकारात्मकता एवं शीघ्रता से ऋण दें। उपायुक्त ने निर्देश दिए इस वित्त वर्ष के शेष महीनों में कम से कम 100 आवेदन पत्र इस योजना के अंतर्गत प्रायोजित किए जाएं। बैठक में उद्योग विभाग के महाप्रबंधक विजय कुमार चौधरी ने गत वर्ष की उपलब्धियों का जिक्र करते मुख्यमंत्री स्वावलंबन योजना के बारे में भी बताया। योजना के लिए 18 से 45 वर्ष का हिमाचली युवक एवं युवती पात्र हैं। वह किसी भी विनिर्माण क्षेत्र या अधिसूचित सेवा क्षेत्र में अपना उद्योग लगा सकते हैं।
इस योजना के अंतर्गत कुल 60 लाख तक के निवेश पर 40 लाख के उपकरण पर 25 से 30 प्रतिशत महिलाओं के लिए और 35 प्रतिशत विधवाओं को अनुदान उपलब्ध है। उत्पादन में आने के बाद 40 लाख तक के ऋण पर 5 प्रतिशत का ब्याज अनुदान भी उद्योग को दिया जाएगा। अगर उद्यमी उद्योग लगाने के लिए निजी भूमि खरीदता है तो उस पर स्टांप ड्यूटी 3 प्रतिशत ही लगेगी। औद्योगिक क्षेत्रों में उपलब्ध जमीन भी मौजूदा रेट के 50 प्रतिशत पर दी जाएगी। बैठक में जिला अग्रणी बैंक प्रबंधक जीसी भट्टी, उद्योग विभाग के प्रबंधक विकास, गुरु लाल नेगी आदि मौजूद रहे।